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प्रदेश में घर बैठे सस्ती और सरकारी दर पर रेत मिलेगी, ठेकेदारों की लगेगी क्लास

रायपुर: छत्तीसगढ़ में अब लोगों को घर बैठे सस्ती और सरकारी दर पर रेत (बालू) मिलने वाली है। मकान बनाना हो या कोई और निर्माण काम, अब रेत के लिए ठेकेदारों की मेहरबानी का इंतजार नहीं करना पड़ेगा। खनिज विभाग ने इसकी पूरी तैयारी कर ली है, जिससे ना सिर्फ आम जनता को राहत मिलेगी बल्कि शासन को भी ज़्यादा राजस्व मिलेगा।

एप और पोर्टल तैयार, अब रेत भी होगी डिजिटल
खनिज विभाग एक ऐसा मोबाइल एप और वेब पोर्टल ला रहा है, जिसके ज़रिए आम लोग सीधे रेत ऑर्डर कर सकेंगे। उपभोक्ता पोर्टल पर जाकर रेत की मात्रा, लोकेशन और डिलीवरी का समय चुन सकेंगे। रेत सीधे तय सरकारी दर पर घर तक पहुंचेगी और भुगतान भी ऑनलाइन होगा।

पहले चरण में खदानों का ऑनलाइन आवंटन
फिलहाल पहले फेज़ में रेत खदानों के आवंटन को ऑनलाइन किया जाएगा। अभी तक खनन पट्टों की मैनुअल नीलामी (रिवर्स ऑक्शन) से होती रही है, जिसमें गड़बड़ी और भ्रष्टाचार के आरोप लगते रहे हैं। नए सिस्टम में सब कुछ डिजिटल होगा – आवेदन से लेकर आवंटन तक।

दूसरे चरण में शुरू होगी घर-घर रेत सप्लाई
यदि सब कुछ प्लान के अनुसार चला, तो इस साल के अंत तक दूसरा चरण भी लागू कर दिया जाएगा। इसमें आम नागरिकों को निर्माण कार्यों के लिए सस्ती दर पर रेत की सप्लाई घर तक की जाएगी। यानी अब “रेत माफिया” का राज खत्म होने जा रहा है।

रेत की कीमतों पर भी सरकारी नियंत्रण
खनिज विभाग ने हर खदान के लिए एक एक्स माइन प्राइस तय कर दिया है, जो लगभग 100 से 120 रुपये प्रति घनमीटर होगा। इसमें से 60% ठेकेदार को और 40% सरकार को जाएगा। ट्रांसपोर्ट चार्ज दूरी के हिसाब से तय होंगे। विभाग इस पर भी मंथन कर रहा है कि प्रति किलोमीटर कितना रेट रखा जाए।

स्टार रेटिंग और एक्सप्लोरेशन ट्रस्ट की भी तैयारी
प्रदेश में गौण खनिजों के लिए स्टेट मिनरल एक्सप्लोरेशन ट्रस्ट बनाया जा रहा है। साथ ही स्टार रेटिंग सिस्टम भी लागू किया जा रहा है, जिससे माइनिंग में पारदर्शिता और पर्यावरण सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। डोलोमाइट, क्वार्टज, ग्रेनाइट जैसी बड़ी खदानों में यह व्यवस्था पहले लागू होगी।

पारदर्शिता और भ्रष्टाचार पर चोट
नई व्यवस्था से न सिर्फ जनता को राहत मिलेगी, बल्कि रेत खदानों के आवंटन में पारदर्शिता आएगी और अवैध वसूली पर भी लगाम लगेगी। ठेकेदारों और ट्रांसपोर्टरों की मनमानी अब बीते दिनों की बात हो जाएगी।

जल्द होगा लागू – खनिज विभाग
संयुक्त संचालक अनुराग दीवान ने कहा, “प्रदेश में आम लोगों को सस्ती दर पर रेत देने के लिए ऑनलाइन सिस्टम लागू करने की तैयारी अंतिम चरण में है। जल्द ही यह व्यवस्था पूरे राज्य में लागू की जाएगी।”

Sunil Agrawal
Sunil Agrawal
Chief Editor - Pragya36garh.in, Mob. - 9425271222
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