ओपी जिंदल स्कूल तराईमाल के प्रिंसिपल के खिलाफ राज्य महिला आयोग की जनसुनवाई में मिली शिकायत…
24 दिसम्बर को राज्य महिला आयोग की जनसुनवाई रायगढ़ जिले में आयोजित की गई थी,आयोग में एक शिकायत ओपी जिंदल स्कूल ताराईमाल की प्रिंसिपल के खिलाफ एक शिकायत आई थी जिसमे पूर्णिमा गायकवाड़ ने अपनी 6वीं कक्षा में पढ़ने वाली 11 वर्षीय पुत्री के साथ स्कूल में हुई मारपीट के सम्बन्ध में शिकायत की थी,राज्य महिला आयोग ने मामले को संज्ञान में लेते हुए जांच टीम को 24 जनवरी तक अपनी जांच रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए थे, आयोग के निर्देशानुसार रेस्ट हाउस में बैठक का आयोजन किया गया, आयोग के निर्देशानुसार ओपी जिंदल स्कूल प्रबंधन समिति के सभी सदस्यों को बैठक के लिए सूचित किया गया था परन्तु

ओपी जिंदल स्कूल के प्रचार्य आर के त्रिवेदी ने पत्र के माध्यम से सूचना दी कि उन्हें उक्त प्रकरण के सम्बंध में कोई जानकारी नही है,जबकि स्कूल समिति से बैठक में उपस्थित रहे स्कूल प्रिंसिपल सहित अन्य सदस्यों ने भी लिखित में यह जानकारी दी कि आर के त्रिवेदी सहित स्कूल समिति के सभी सदस्यों को इस प्रकरण के विषय मे पूरी जानकारी है,इससे यह तो तय हो गया कि स्कूल प्रबंधन समिति पूरे मामले में लीपापोती कर रही है,आवेदिका को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का क्रम लगातार जारी है आयोग की सुनवाई 24 दिसम्बर को हुई और 31 दिसम्बर को पूर्णिमा गायकवाड़ को स्कल से टर्मिनेट कर दिया गया, पूर्णिमा गायकवाड़ ओपी जिंदल स्कूल ताराइमाल में विगत कई वर्षों से शिक्षिका के पद पर है और जब उनकी 11 वर्षीय बेटी के साथ स्कूल प्रिंसिपल द्वारा मारपीट की गई जिससे बच्ची के कान का पर्दा डेमेज हो गया लगातार पूर्णिमा को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा जिससे परेशान हो कर पूर्णिमा गायकवाड़ ने इसकी शिकायत राज्य महिला आयोग से की,आयोग छठवीं कक्षा की नाबालिग बच्ची के साथ हुए अमानवीय व्यवहार को लेकर सख्त हुआ और इसकी जांच के लिए टीम गठित की।दोपहर 12 बजके से शाम 5 बजे तक चली बैठक बेनतीजा निकली और जांच समिति ने स्कूल प्रबंधन को कुछ समय दिया ताकि इस मामले का सुखद पटाक्षेप हो सके,बैठक में शिकायतकर्ता,अनावेदिका, महिला आयोग अध्यक्ष की तरफ से प्रतिनिधि के तौर पर तपन घोष और अधिवक्ता दीपक शर्मा, स्थानीय पत्रकार सुरजीत कौर,समाजसेवी और स्कूल समिति के सदस्य आर एन प्रसाद, राम कुमार त्रिपाठी, प्रिंसिपल अलका गोडबोले व अन्य अधिवक्ता मौजूद थे।
