एक बार फिर छत्तीसगढ़ पुलिस को शर्मसार कर देने वाला कारनामा…
एक बार फिर छत्तीसगढ़ पुलिस को शर्मसार कर देने वाला कारनामा, युवती से दुष्कर्म करने वाला टीआई लाइन अटैच, सवाल…
छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में एक बार फिर पुलिस विभाग का चेहरा सामने आया है, मामला दुष्कर्म का है। दुष्कर्म के आरोपी पत्थलगांव थाना प्रभारी ओमप्रकाश ध्रुव के खिलाफ DGP के आदेश पर पुलिस अधीक्षक ने कार्रवाई करते हुए उन्हें लाइन अटैच कर दिया है। पुलिस अधीक्षक जशपुर ने मामले की जांच रिपोर्ट आने के बाद यह कार्रवाई की है।
मामला ये है:-
एक युवती ने डीजीपी डीएम अवस्थी के सामने न्याय की गुहार लगाते हुए उन्हें आवेदन सौंपा था। जिसमें उसने टीआई ओम प्रकाश ध्रुव केे खिलाफ आरोप लगाया था कि शादी का झांसा देकर दो साल से उसका लगातार शारीरिक शोषण कर रहा। इस दौरान जब युवती गर्भवती हुई तो उसका गर्भपात करवाया था। इसके साथ ही उसने आरोप लगाया था कि टीआई उसे धमकी देने के साथ ही उस पर समझौता करने का दबाव बना रहा है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए डीजीपी डीएम अवस्थी ने युवती को भरोसा दिलाया था कि आरोपी टीआई के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। मामले में डीजीपी के आदेश के बाद एसपी जशपुर ने इसकी जांच का जिम्मा एएसपी उजमा खातून को दिया था। एएसपी ने मामले की जांच करने के बाद इसकी रिपोर्ट पर एसपी शंकर लाल बघेल को सौंप दिया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर एसपी ने टीआई के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करते हुए उसे लाइन अटैच कर दिया है।
इस पूरे मामले में एसपी शंकर लाल बघेल ने कुछ भी कहने से इंकार कर दिया। हर सवाल के जवाब में वे सिर्फ यही कहते रहे कि जांच रिपोर्ट उन्होंने रायगढ़ भेज दिया है। हालांकि उन्होंने टीआई को लाइन अटैच किये जाने की पुष्टि जरुर की है।लेकिन क्या लाइन अटैच कर देने से युवती को इंसाफ मिल गया सवाल ये भी उठता है प्रदेश पुलिस के मुखिया DGP डी एम अवस्थी पुलिस अधिकारियों को बार बार निर्देशित करते रहते है DGP के साथ साथ प्रदेश के गृहमंत्री भी पुलिस विभाग को मानवता की पाठ पढ़ाते रहते है लेकिन ठीक उसके विपरीत पुलिस विभाग कार्य कर रहा है इससे कही न कही सरकार पर सवाल खड़े होते है क्या पुलिस विभाग उनके पकड़ से बाहर है।