रायपुर। माननीय उच्च न्यायालय बिलासपुर के आदेश दिनांक 15-11-2019 को चुनौती देते हुए अंजली जैन के पिता अशोक जैन द्वारा माननीय सुप्रीम कोर्ट में अपील दायर कर दी गयी है जिसकी सुनवाई दिनांक 25-11-2019 को नियत हो गयी है। इसी मामले से संबंधित एक याचिका अंजली जैन की सुरक्षा एवं कस्टडी को लेकर दिनांक 21-11-2019 को नियत है, उक्त याचिका में माननीय सुप्रीम कोर्ट ने लड़की की सुरक्षा का गंभीरता से संज्ञान लेते हुवे सुनवाई लंबित है, जिसमे छत्तीसगढ़ शासन, DGP, IG, SP, कलेक्टर, सखी सेंटर, आरोपी इब्राहिम सिद्दीकी एवं अन्य पक्षकार है एवं उनके वकील लगातार सुनवाई दिनांक को उपस्थित रहे है, उन्हें इस केस के लंबित होने के सम्बन्ध में जानकारी है।
गौरतलब है की यहा याचिका WPHC No 24 को चुनौती देते हुए पहले से ही सुप्रीम कोर्ट में याचिका लंबित है। आएसी परिअथिति में हाई कोर्ट के आदेश दिनांक 15।11।2019 के परिपालन को लेकर काफी संवंधनिक एवम् क़ानूनी प्रश्न उत्त्पन्न होते है। ऐसी परिस्थिति में जो भी कारवाही होना संभावित है उसपर भी संवैधानिक प्रश्न उत्त्पन्न होते है। ऐसी अवस्था में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के इंतज़ार न्यायिक दृष्टिकोण से भी आवश्यक है। ज्ञात हो की वर्तमान में अशोक जैन भी छत्तीसगढ़ के बाहर है एवं हाई कोर्ट के आदेश अनुसार उनको कारवाही के 24 घंटे पूर्व सुचना देना आवश्यक है जो को अभी तक नहीं हुई है। ऐसी गंभीर परिस्थिति के क्रियान्वनं में पिता का रहना बहुत महत्वपूर्ण प्रतीत होता है।
रायपुर। दूसरे धर्म में शादी के बाद अंजली जैन और इब्राहिम खान को परिवार के दबाव की वजह से अलग होना पड़ा था। शादी के डेढ़ साल बाद तक साथ रहने के लिए कानूनी लड़ाई लड़ रहे इस जोड़े और पिछले नौ माह से सखी सेंटर में रह रही अंजली को अब सखी सेंटर से रिहाई मिलने जा रही है। अंजली ने सोमवार को सखी सेंटर से रिहाई न होने पर भूख हड़ताल का एलान किया था, जिसके बाद उसे छोड़े जाने का समय अधिकारियों ने बताया है। बुधवार को अंजली को यहां से आजादी मिलने वाली है।
इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में अंजली को खुद की मर्जी से अपने भविष्य का चुनाव करने की आजादी दी है। अपने पति का साथ पाने के लिए अपने पिता से संघर्ष कर रही अंजली अब खुद की मर्जी से अपनी जिंदगी जी सकेगी।शादी के बाद अपनी पत्नी से अलग कर दिए गए इब्राहिम ने पत्नी का साथ पाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में अपील की थी। इसके बाद हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए इस जोड़े के पक्ष में फैसला सुनाया था। इस फैसले से करीब 9 माह पूर्व से अंजली सखी वन स्टॉप सेंटर में कैदियों की तरह रह रही थी।सोमवार को आमरण अनशन के ऐलान के बीच प्रशासन ने अंजली को सखी वन स्टॉप सेंटर से रिहा करने का समय निर्धारित कर दिया।
अधिकारियों के मुताबिक कोर्ट के आदेश के परिपालन में अंजलि को छोड़ने का समय 20 नवंबर को सुबह 11 निर्धारित किया गया है।इब्राहिम खान और अंजली जैन ने 25 फरवरी, 2018 को रायपुर में आर्य समाज मंदिर में शादी की थी। जैसे ही अंजली के परिजनों को इस बात की जानकारी हुई, वे उसे अपने साथ घर ले आए। इसके बाद उसे कैद रखा और पति से मिलने नहीं दिया। पति ने बिलासपुर हाईकोर्ट में याचिका दायर कर अपनी पत्नी की वापसी की गुहार लगाई थी, लेकिन हाईकोर्ट से कोई राहत नहीं मिली।इसके बाद इब्राहिम ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। इब्राहिम ने कोर्ट में लगाई याचिका में कहा है कि छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने मामले के कानूनी पहलुओं को नजरअंदाज कर अपना फैसला दिया है। इसी दलील के आधार छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती दी है। इस याचिका में कहा गया है कि लड़का और लड़की बालिग हैं, दोनों पढ़े-लिखे हैं और एक-दूसरे को चाहते हैं। ऐसे में किसी को कानूनन क्या आपत्ति हो सकती है।
क्या था मामला
छत्तीसगढ़ के धमतरी के रहने वाले 33 वर्षीय मोहम्मद इब्राहिम सिद्दीक़ी और 23 वर्षीय अंजलि जैन ने दो साल की जान-पहचान के बाद 25 फऱवरी 2018 को रायपुर के आर्य मंदिर में शादी की थी। इब्राहिम का दावा है कि उन्होंने शादी से पहले हिंदू धर्म अपना लिया था। इसके बाद उन्होंने अपना नाम आर्यन आर्य रखा था। मोहम्मद इब्राहिम सिद्दीकी उर्फ़ आर्यन आर्य के अनुसार, “शादी की ख़बर जैसे ही मेरी पत्नी अंजलि के परिजनों को मिली, उन्होंने मेरी पत्नी को घर में क़ैद कर लिया था। इसके बाद पुलिस ने उन्हें घर से मुक्त कराया और रायपुर के सखी सेंटर में उन्हें रखा गया। जहां वे पिछले आठ महीने से रह रही थी।
खरसिया। आदिवासी महाकवि कालिदास पंडों का जन्मदिवस उनकी जन्मस्थली मृगाडाँड़ में भारत पंडो आदिवासी समाज के तत्वाधान में आदिवासी परंपरा के अनुसार मनाया गया। इस अवसर पर नंदकुमार साय अध्यक्ष राष्ट्रीय जनजाति आयोग भारत सरकार नई दिल्ली मुख्य अतिथि थे तथा डॉ. रामविलास शर्मा तहसीलदार चांपा ने समारोह की अध्यक्षता की । मुख्य अतिथि ने आदिवासी महाकवि कालिदास पंडों के जन्म महोत्सव का शुभारंभ आदिवासी महाकवि कालिदास की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर तथा पूजा अर्चना कर किया। मुख्य अतिथि नंदकुमार साय ने अपने उद्बोधन में बताया कि महाकवि कालिदास ने अनेक ग्रंथों की रचना की और उनके सात प्रमुख ग्रंथ हैं, उनमें ऋतुसंहार, मेघदूत, अभिज्ञान, शाकुंतलम्, रघुवंशम्, कुमारसंभव, मालविकाग्निमित्रम् और विक्रमोर्वशीय शामिल है। उन्होंने बताया कि ऋतुसंहार और मेघदूत में वर्णित स्थल पहाड़ फूल पेड़ पौधे आदि के वर्णन मृगाडाँड़ स्थित रामगढ़ पहाड़ी से मेल खाता है और मृगाडाँड़ को उनकी जन्मस्थली प्रमाणित करता है, कोई भी साहित्यकार अपने प्रारंभिक रचना में अपने जन्म स्थल के प्राकृतिक परिवेश का वर्णन करता है, उन्होंने ऋतुसंहार और मेघदूत के कई पदों का संस्कृत में पाठन किया तथा प्रमाणित किया। उन्होंने बताया कि रामटेक में ऐसा कोई साक्ष्य नहीं है जिससे कालिदास का वहां से संबंध जोड़ा जा सके। उन्होंने कहा कि प्रकृति की रक्षा करने के लिए महाकवि कालिदास ने जो उपदेश हमें दिए है उनका प्रचार-प्रसार किए जाने की आवश्यकता है, हमें देखना होगा कि पहाड़ को कोई तोड़ ना सके और जंगलों को कोई काट ना सके, क्योंकि आदिवासी समाज का भरण पोषण तथा अर्थव्यवस्था पूरी तरह से जंगलों और पहाड़ों पर निर्भर हैं।
समारोह की अध्यक्षता कर रहे तहसीलदार विजय शर्मा ने कहा कि महाकवि कालिदास पंडो जनजाति के थे, तथा मृगाडाँड़ के निवासी थे। उन्होंने आदिवासी समाज को वनचर समाज के रूप में मेघदूत में उल्लेख किया है।उड़ीसा के झारसुगुड़ा में दिनांक 10 अगस्त 2019 को हुए राष्ट्रीय संगोष्ठी में भी भारत के विद्वानों ने एकमत से महाकवि कालिदास को पंडो आदिवासी तथा मृगाडांड का निवासी बताया है, तथा संकल्प पारित किया है। उन्होंने आगे बताया कि आदिवासी महाकवि कालिदास की जयंती असम, नागालैंड, नॉर्थ ईस्ट, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, बालाघाट, ऋषिकेश, खंडवा 15 नवंबर को उनका जन्म महोत्सव मनाया जाता है। डॉ राम विजय शर्मा ने अपने शोध पत्र में बताया है कि आदिवासी महाकवि कालिदास पंडो का जन्म 15 नवंबर 350 ईसवी तथा स्वर्गवास 15 मार्च 450ईस्वी को हुआ था। उनके पिता का नाम शिवदास पंडो तथा माता का नाम तारा देवी था। उनका एकमात्र पुत्र था जिसका नाम भरत पंडो था। राम विजय शर्मा ने आगे महाकवि कालिदास की जीवनी के संबंध में भी श्रोताओं को बताया इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि राधेश्याम जी, अखंड विधायक श्याम नारायण, पुरातत्व विद चारुचंद्र, प्रबोध सिंह, श्याम लाल जायसवाल, राजू तिवारी, लवकेश राजवाड़े, नवल सिंह, भगतराम, महिपाल, बुध मोहन सिंह, सहित बड़ी संख्या में आदिवासी समाज के लोग उपस्थित थे। मंच संचालन अखंड विधायक श्याम नारायण ने किया। तथा आभार प्रदर्शन भारत पंडो समाज के राष्ट्रीय सचिव शिवचरण पंडों के द्वारा किया गया।
रायपुर। केंद्र सरकार ने अयोध्या मामले पर फैसला सुनाने वाले सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस एस अब्दुल नजीर और उनके परिवार को जेड कटेगरी की सुरक्षा देने का फैसला किया है। पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) से जस्टिस नजीर और उनके परिजनों को खतरे को देखते हुए यह सुरक्षा देने का फैसला लिया गया है।
जस्टिस अब्दुल नजीर अयोध्या मामले पर फैसला सुनाने वाली सुप्रीम कोर्ट की पांच न्यायमूर्तियों में शामिल थे। गृह मंत्रालय ने जस्टिस नजीर और उनके परिजनों को जेड कटेगरी की सुरक्षा मुहैया कराने के लिए केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) और स्थानीय पुलिस को आदेश दे दिया है। सुरक्षा एजेंसियों ने अयोध्या मामले पर फैसला आने के बाद पीएफआई और अन्य से अब्दुल नजीर और उनके परिवार की जान को खतरा होने को लेकर आगाह किया है।
भारत में इंटरनेट इस्तेमाल करने की रफ्तार हमारी सोच से कहीं ज्यादा तेज है, इंटरनेट उपयोग के मामले में हमारा देश चीन के बाद दूसरे स्थान पर है। नील्सन होल्डिंग के साथ इंटरनेट एवं मोबाइल एसोसिएशन ऑफ इंडिया की हालिया रिपोर्ट इंडिया इंटरनेट 2019 के अनुसार 31 मार्च 2019 तक भारत में 45.10 करोड मासिक सक्रिय इंटरनेट यूजर थे, जबकि चीन में 80 करोड़ से अधिक यूजर थे। सक्रिय इंटरनेट यूजर का अर्थ बीते 1 महीने में इंटरनेट इस्तेमाल करने वालों से है भारत के सक्रिय की संख्या पर आईएएमएआई की यह पहली रिपोर्ट है इससे पहले आईएएमएआई भारत के कुल इंटरनेट यूजर की संख्या का अध्ययन करती रही है।
इस रिपोर्ट की मानें तो कुल 45.1 करोड सक्रिय यूजर में 38.5 करोड यूजर 12 से अधिक उम्र के हैं, जबकि 6.6 करोड यूजर 5 से 11 वर्ष के हैं। इन आंकड़ों से पता चलता है कि हमारे देश में इंटरनेट इस्तेमाल करने वालों की अच्छी खासी संख्या स्कूल जाने वाले बच्चों की है। यह जानना दिलचस्प है कि इन बच्चों के पास अपने डिवाइस नहीं है, बल्कि यह अपने माता-पिता या परिवार के किसी दूसरे सदस्यों की डिवाइस के माध्यम से इंटरनेट इस्तेमाल करते हैं। हमारे देश में इंटरनेट इस्तेमाल करने वाले तीन में से एक से अधिक व्यक्ति 12 से अधिक उम्र के हैं। पूरे भारत में स्मार्ट फोन की पहुंच और कम कीमत पर 4जी सेवाओं की उपलब्धता के बावजूद इंटरनेट इस्तेमाल में काफी अंतर है। रिपोर्ट में बताया गया है कि आज भी पुरुषों के मुकाबले इंटरनेट इस्तेमाल में महिलाएं काफी पीछे हैं। हमारे देश में जहां 25.8 करोड़ पुरूष इंटरनेट का इस्तेमाल करते हैं, वहीं महिलाओं की संख्या इसके मुकाबले आधी है। देश भर के 67% पुरुषों के मुकाबले महज 33% महिलाएं इंटरनेट उपयोग करती हैं। वहीं शहरी इलाकों में 62% पुरुषों की तुलना में 38% महिलाएं इंटरनेट का इस्तेमाल करती हैं ग्रामीण इलाके में यह अंतर कहीं ज्यादा है यहां 72% पुरुषों की तुलना में महज 28% महिला इंटरनेट यूजर हैं।
हमारे देश में 12 वर्ष से अधिक उम्र के इंटरनेट इस्तेमाल करने वालों का प्रतिशत महज 36 है इनमें 51% यूजर शहरी और 27% ग्रामीण भारत से हैं। इंटरनेट पर समय बिताने की अगर बात करें तो 33% शहरी भारतीय 1 घंटे से ज्यादा रोजाना इंटरनेट पर बिताते हैं, वहीं ग्रामीण भारत में इंटरनेट पर बिताए जाने वाला समय महज 15 से 30 मिनट है राज्यों के स्तर पर अगर बात करें तो इंटरनेट इस्तेमाल के मामले में 69% के साथ दिल्ली सबसे आगे है 54% के साथ केरल दूसरे 49% के साथ जम्मू कश्मीर, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, और पंजाब तीसरे स्थान पर हैं। 47% के साथ तमिलनाडु चौथे तो 43% के साथ महाराष्ट्र व गोवा पांचवे स्थान पर मौजूद है। पूर्वोत्तर के राज्यों को छोड़कर पूर्वी भारत के राज्य पश्चिम बंगाल29, बिहार28, झारखंड26, उड़ीसा 25% काफी पीछे है।
इंटरनेट स्पीड टेस्ट ऑर्गनाइजेशन उकला की रिपोर्ट के मुताबिक भारत में औसत इंटरनेट की स्पीड में वृद्धि हुई है। अप्रैल और सितंबर 2019 के बीच 2.1 करोड़ परीक्षणों से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार सितंबर 2019 के अंत तक भारत की औसत फिक्स्ड ब्रॉडबैंड स्पीड 16.5% बढ़कर 34.07% एमबीपीएस पर पहुंच गई है। वही दूसरी ओर भारत कि मोबाइल इंटरनेट स्पीड 10.63 और 11.18 एमबीपीएस के बीच की औसत के साथ काफी स्थिर बनी हुई है। शहरों के बीच अगर बात करें तो 51.7 एमबीपीएस की स्पीड के साथ चेन्नई सबसे तेज, और 20.1 एमबीपीएस की स्पीड के साथ नागपुर सबसे धीमा है। हालांकि मोबाइल की स्पीड में शहरों के बीच ज्यादा अंतर नहीं है 11.87mbps की स्पीड के साथ मुंबई सबसे तेज तो 8.94 एमबीपीएस के सबसे लखनऊ सबसे धीमा है। 4G उपलब्धता को लेकर उकला का आंकड़ा कहता है कि भारत की 88% ऑपरेटर नेटवर्क 4G की सुविधा मुहैया कराने लगे हैं।
खरसिया। खरसिया नगर पालिका परिषद के मुख्य नगर पालिका अधिकारी के रूप में टॉमसन रात्रे ने पदभार ग्रहण कर लिया है। पदभार ग्रहण करते ही उन्होंने नगर भ्रमण कर साफ सफाई तथा पेयजल आपूर्ति व्यवस्था का जायजा लिया। खरसिया नगरपालिका परिषद में तेज तर्रार सीएमओ की पदस्थापना से उम्मीद जगी है कि नगर के शासकीय भूमि पर हो रहे अतिक्रमण करने वालों पर कार्यवाही किये जाने के साथ साथ जनहित के कार्यों में तेजी आयेगी।
चर्चा के दौरान नवागत सीएमओ टॉमसन रात्रे ने कहा कि नगर की मूलभूत आवश्यकता, नगर पालिका परिषद तथा जनता की सुविधा के अनुरूप कार्य किये जायेंगे। उन्होंने बताया कि नागरिकों को शासन द्वारा दी जाने वाली हर सुविधा का लाभ अविलम्ब दिया जायेगा, साथ ही नगर की प्रकृति के अनुरूप कार्ययोजना तैयार कर विकास कार्यो को अंजाम दिया जायेगा। सीएमओ ने कहा सफाई और पेयजल व्यवस्था दुरूस्त कराने के साथ साथ जनहित के रूके हुये विकास कार्यों को पूर्ण कराना उनकी प्राथमिकता है।
मुंगेली। जिले के रेशम विभाग में पदस्थ आशिक मिजाज चपरासी की अश्लील हरकतों से परेशान विभाग की महिला कर्मचारी ने थाने में शिकायत दर्ज कराई है. पुलिस ने मामले में रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को जेल भेज दिया है।
मामला सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के रेशम विभाग का है जहां चपरासी के पद पर पदस्थ सुनील मिंज विभाग में ही पदस्थ महिला कर्मचारी को पिछले कुछ दिनों से मोबाइल में व्हाट्सएप के जरिए अश्लील मैसेज भेज रहा था. इसको लेकर महिला ने आपत्ति भी दर्ज कराई थी, लेकिन हद तो तब हो गई जब वह अपनी हरकतों को सुधारने के बजाय उल्टा महिला कर्मचारी से अभद्र व्यवहार करने लग गया।
चपरासी की इस हरकत से परेशान पीड़ित महिला ने तत्काल सिटी कोतवाली पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है. एडिशनल एसपी सीडी तिर्की ने बताया कि महिला की शिकायत पर पुलिस ने धारा 354 के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.
रायपुर। राजधानी के नजदीक विशाखापटनम पैसेंजर ट्रेन में पिस्टल और चाकू की नोंक पर क्रिकेट के खिलाड़ियों के साथ लूट की वारदात को अंजाम दिया गया है. ट्रेन रायपुर के पहले रुकी हुई थी इसी दौरान 8 लोगों ने बच्चों की क्रिकेट टीम पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर मोबाइल छीनकर भाग गए. महासमुंद से क्रिकेट खेल कर टीम लौट रही थी. ट्रेन में सुरक्षा के लिए एक भी जवान तैनात नहीं थे. जीआरपी थाने ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर मामले में की जांच में जुट गई है।
जानकारी के अनुसार रात साढ़े आठ बजे के आस-पास विशाखापटनम पैसेंजर ट्रेन रायपुर स्टेशन से 3 किलोमीटर दूर आरवीएच कॉलोनी में लगभग पौने घंटे खड़ी थी. इसी दौरान अचानक ट्रेन में आठ दस लोग घुस गए इनमें से 2 के हाथों में पिस्टल और बाकी ने चाकू और लाठी पकड़े हुए थे. इस ट्रेन में सवार भिलाई की अंडर 18 क्रिकेट टीम के खिलाड़ी मौजूद थे. आरोपियों ने खिलाड़ियों के साथ मारपीट करना शुरू कर दिया, दो लड़कों के जांघ पर चाकू से हमला किया गया।
इसके बाद आरोपी युवकों ने खिलाड़ियों को पिस्टल दिखाकर पैसे और मोबाइल मांगा, जब एक खिलाड़ी ने इसका विरोध किया तो उसके सर पर लाठी से वार कर दिया. ट्रेन जब छूटने लगी तो सभी आरोपी भाग निकले. खिलाड़ियों के साथ यह घटना हो रही थी ट्रेन में बहुत लोग सवार थे, लेकिन कोई बचाव के लिए सामने नहीं आया. रायपुर स्टेशन पर पहुंचने के बाद पीड़ितों ने खुद घटना की जानकारी जीआरपी पुलिस को दी.
जीआरपी प्रभारी एल एस राजपूत के मुताबिक भिलाई अंडर 18 क्रिकेट टीम के खिलाड़ी महासमुंद से क्रिकेट टूर्नामेंट खेल कर आ रहे थे. तभी इनके साथ लूट की घटना हुई है. घायल खिलाड़ियों का तुरंत इलाज कराया गया. अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.
दिल्ली। अमरीका से निकलने वाली पत्रिका ‘टाइम’ ने 2019 के 100 प्रभावशाली लोगों की लिस्ट जारी कर दी है. इस लिस्ट में पीएम नरेंद्र मोदी का नाम नहीं है, लेकिन भारत के चिर प्रतिद्वंदी और पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान के पीएम इमरान खान का नाम शामिल है.
पी एम नरेन्द्र मोदी लगातार दूसरे वर्ष इस सूची में स्थान नहीं बना पाए हैं. उन्हें 2017 में इस फेहरिस्त में तीसरे नंबर पर रखा गया था. उस वर्ष अमरीकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप पांचवे स्थान पर थे, यानी कि नरेंद्र मोदी से पीछे.
इस सूची में शामिल राजनेताओं में पहले स्थान पर अमरीका के हाउस ऑफ रिप्रजेंटेटिव की अध्यक्ष नैंसी पेलोसी की नाम है. हाउस ऑफ रिप्रजेंटेटिव ने राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के विरुद्ध महाभियोग की प्रक्रिया शुरू की है. यह तीसरा अवसर है जब महाभियोग की कार्रवाई को टीवी पर लाइव दिखाया जा रहा है. विश्व के 100 प्रभावशाली लोगों सूची के राजनेताओं वाले सेक्शन में अमरीकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप का नाम दूसरे पायदान पर है.
ग्लोबल वार्मिंग के खतरे को लेकर विश्व को आगाह करने वाले पर्यावरण कार्यकर्ता 13 साल ग्रेटा थैनबर्ग तीसरे स्थान पर स्थित हैं. पाकिस्तान के पीएम इमरान खान इस सूची में 25वें स्थान पर हैं.
दिल्ली। झारखंड में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं. ऐसे में राज्य में चुनावी सरगर्मी तेज हो गई हैं. सभी विपक्षी दलों ने सीएम रघुवर दास को घेरने का तगड़ा प्लान बनाया है. जिससे सीएम अपनी ही सीट पर बुरी तरह फंस गए हैं।
भाजपा से टिकट नहीं मिलने से खफा झारखंड के खाद्य आपूर्ति मंत्री सरयू राय ने सीएम के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. अब वे सीएम रघुबर दास के खिलाफ उनकी ही सीट से चुनाव मैदान में ताल ठोकेंगे।
सरयू राय ने जमशेदपुर पूर्वी सीट से मुख्यमंत्री रघुवर दास के खिलाफ चुनाव लड़ने का ऐलान कर दिया है. राय ने कहा कि मैं जमशेदपुर ईस्ट और जमशेदपुर वेस्ट दोनों ही सीटों से चुनाव लड़ूंगा लेकिन मेरा फोकस सीएम को हराने पर होगा. उन्होंने कहा कि मैं पिछले पांच साल से करप्शन का मुद्दा उठा रहा हूं लेकिन कोई मेरी बात किसी ने नहीं सुनी उलटा मेरा ही टिकट काट दिया गया।