Category: BIG NEWS

  • अब ‘गाय’ पहनेगी ‘कोट’…

    अब ‘गाय’ पहनेगी ‘कोट’…

    दिल्ली। उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी अयोध्या के नगर निगम ने एक नई पहल की है. जिसका स्वागत और विरोध दोनों किया जा रहा है. ये पहल गायों को ठंड से बचाने को लेकर है.नगर निगम गायों को ठंड और शीतलहर से बचाने के लिए काऊ कोट पहनाएगी. जिसके लिए तैयारी शुरू कर दी गई है. नगर आयुक्त ने बताया कि गायों को ठंड से बचाने के लिए गोशाला को ‘काऊ कोट’  दिये जा रहे हैं।

    एक कोट की कीमत 300 रुपए के आसपास होगी

     तीन लेयर वाला ये कोट तीन परतों से बना होगा. पहले मुलायम कपड़ा होगा, उसके बाद फोम होगा फिर जूट लगाकर इसे बनाया जाएगा. पहले 100 गायों के लिए इसे लाया जाएगा. फिर धीरे धीरे सभी गायों को ये पहनाया जाएगा. अयोध्या के महापौर ऋषिकेष उपाध्याय ने कहा कि, गो माता की सेवा को लेकर हम कटिबद्ध हैं. उसके लिए हर मुमकिन कदम हम उठाएंगे।

  • मंतुराम, डॉ पुनीत और जोगी को नोटिस, हाईकोर्ट ने तीन हफ्ते में मांगा जवाब

    मंतुराम, डॉ पुनीत और जोगी को नोटिस, हाईकोर्ट ने तीन हफ्ते में मांगा जवाब

    बिलासपुर। याचिका में जस्टिस गौतम भादुड़ी ने आदेश दिया है कि एसआईटी ऐसा कोई कार्य ना करें जिससे व्यक्तियों के हित प्रभावित हों। अंतागढ़ टेप कांड में अभियुक्त बनाए गए डॉ पुनीत गुप्ता मंतुराम पवार और अजित जोगी अमित जोगी की वॉयस सेंपल लिए जाने का एसआईटी का आवेदन रायपुर कोर्ट ने पूर्व में खारिज किया था। राज्य सरकार ने इस मसले को लेकर हाईकोर्ट में रिविजन पिटिशन दायर किया है, जिस पर हाईकोर्ट ने आज सुनवाई करते हुए तीन हफ्ते में जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। जस्टिस शरद गुप्ता की कोर्ट में पेश रिवीजन पिटिशन में राज्य सरकार ने हाईकोर्ट से आग्रह किया है कि, अभियुक्तों को आदेशित करें कि वह वॉयस सेंपल दें।विदित हो कि,इस मामले को लेकर पूर्व में दायर याचिका में 21 फरवरी 2019 में जस्टिस गौतम भादुड़ी ने आदेश दिया है कि एसआईटी ऐसा कोई कार्य ना करें जिससे व्यक्तियों के हित प्रभावित हों। इसके अलावा एसआईटी के विधि सम्मत होने को लेकर प्रश्न उठाती याचिका भी हाईकोर्ट में अभी लंबित है।
  • महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे बनेंगे मुख्यमंत्री, शिवसेना के साथ एनसीपी और कांग्रेस की बनी सहमति, शनिवार को सरकार बनाने का कर सकते हैं दावा…

    महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे बनेंगे मुख्यमंत्री, शिवसेना के साथ एनसीपी और कांग्रेस की बनी सहमति, शनिवार को सरकार बनाने का कर सकते हैं दावा…

    मुंबई। महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के करीबन महीने भर बाद सरकार बनने की राह नजर आ रही है. शिवसेना के उद्धव ठाकरे के साथ एनसीपी के नेता शरद पवार और कांग्रेस के नेताओं की हुई बैठक में सरकार बनाने पर चर्चा की. बैठक में उद्धव ठाकरे को मुख्यमंत्री बनाने पर सहमति बनी. लेकिन अन्य पदों को लेकर अभी भी कश्मकश जारी है. शिवसेना के उद्धव ठाकरे व आदित्य ठाकरे, एनसीपी के शरद पवार व अजीत पवार के साथ कांग्रेस के नेताओं की शुक्रवार को हुई बैठक में उद्धव ठाकरे को मुख्यमंत्री बनाए जाने पर सहमति बनी. इस पर अंतिम चर्चा शनिवार को और तीनों दलों के बीच होगी, जिसके बाद संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस के जरिए प्रदेश की जनता को संदेश दे दिया जाएगा. इसके साथ ही तीनों दल राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का अपना दावा पेश करेंगी बैठक में हुई चर्चा से जो बात सामने बाहर निकलकर आ रही है, उसके अनुसार, शिवसेना को मुख्यमंत्री के पद के अलावा 16 मंत्री के पद मिलेंगे. वहीं एनसीपी के खाते में डिप्टी सीएम के अलावा 14 मंत्रियों के पद आएंगे. कांग्रेस को विधानसभा में स्पीकर के साथ 12 मंत्री पद मिल सकते हैं. हालांकि, विधानसभा स्पीकर और डिप्टी स्पीकर को लेकर अभी भी तीनों दलों के बीच कश्मकश की स्थिति बताई जा रही है.
  • 80 करोड़ की निजी जमीन, जिला खनिज मद की राशि से खरीदी गई ! EOW में अपराध दर्ज, जाँच जारी

    80 करोड़ की निजी जमीन, जिला खनिज मद की राशि से खरीदी गई ! EOW में अपराध दर्ज, जाँच जारी

    कोरबा। ख़बर है कि जिला खनिज मद (डीएमएफ) से आदिवासी विभाग ने स्याहीमूड़ी कोरबा में बनाए गए एजुकेशन हब के पास 80 करोड़ रुपये की निजी जमीन खरीदी है. इस मामले में EOW ने अपराध दर्ज हो गया, अधिकारी मामले की जांच कर रहे हैं। जानकारी के मुताबिक डीएमएफ मद से नियमों के अनुसार इस मद से जमीन की खरीदी नहीं की जा सकती है. इसके बावजूद लगभग 80 करोड़ की निजी भूमि का जिला आदिवासी विभाग ने कर लिया है. मामले की शिकायत दस्तावेजों के साथ ईओडब्ल्यू तक पहुँची. शिकायत सही पाये जाने के बाद ईओडब्ल्यू ने अपराध दर्ज कर लिया है. जाँच टीम एजुकेशन हब के निर्माण के सम्बंध में दर्ज किए गए अपराध की विवेचना कर रही है। उल्लेखनीय है कि उक्त जमीन का भुगतान के बावजूद आज तक विभाग के नाम से ट्रांसफर नहीं हुआ है. कोरबा आदिवासी विभाग के द्वारा किस मद से और किस कारण से इतनी महंगी भूमि क्रय की गई है और ये खरीदी नियमानुसार हुई है या नहीं इसकी जांच अधिकारी कर रहे हैं।
  • रायगढ़ पुलिस का खून अब आएगा आम आदमी के काम…

    रायगढ़ पुलिस का खून अब आएगा आम आदमी के काम…

    रायगढ़। आमतौर पर मुजरिमों के पीछे भागने वाली पुलिस को लेकर आम आदमी की धारणा यही होती है कि वर्दी के पीछे एक कड़क और रौबदार व्यक्तित्व होगा,लेकिन असलियत ऐसी नही है। आज रायगढ़ पुलिस अधीक्षक और उनकी पूरी टीम ने जो किया,आज तक ऐसा हुआ नही था।

    दरअसल आज रायगढ़ पुलिस टीम ने शासकीय आयुर्वेद अस्पताल में शिविर लगाकर रक्तदान किया। जिसमें पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह,एडिशनल एसपी अभिषेक वर्मा,सीएसपी अविनाश सिंह ठाकुर सहित सभी एसडीओपी,थानेदार और विभाग के कर्मचारी(ट्रैफिक अमला) शामिल रहे।

    https://youtu.be/J4XFypp-ZOU

    एसपी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि रक्तदान सभी के लिए जरूरी है,और पुलिस विभाग भी रक्तदान के महत्व को अच्छी तरह समझता है,उन्होंने बताया कि शहर में डेंगू फैला हुआ है,ऐसे में ब्लड की जरूरत मरीजों को पड़ेगी,आज पुलिस विभाग की तरफ से तकरीबन 100 लोगों ने रक्तदान किया।

  • पवित्र नगरी में दिल दहला देने वाली वारदात, वकील पति की हत्या कर रसोई में दफनाया शव, फिर कब्र में बनाती थी खाना

    पवित्र नगरी में दिल दहला देने वाली वारदात, वकील पति की हत्या कर रसोई में दफनाया शव, फिर कब्र में बनाती थी खाना

    अमरकंटक। पवित्र नगरी अमरकंटक थाना क्षेत्र से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. जो भी इस खौफनाक मंजर की दास्तां सुनेगा हैरान रह जाएगा. दरअसल एक पत्नी अपने पति की हत्या कर शव को रसोई में दफना देती है और उसी के ऊपर चूल्हा रखकर खाना पकाती है. वो ऐसा एक दिन नहीं, बल्कि महीने भर करती है. ना उसे किसी बात डर था और न किसी का भय था।
    इस मामले का खुलासा उस वक्त हुआ जब घर से दुर्गंध आनी शुरु हुई. रसोई में बने कब्र को खोदा गया, तो उसके अंदर से पति का लाश बरामद हुआ. पुलिस ने पति की हत्या के आरोप में पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है.पूरी खबर मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले के अमरकंटक का है. जहां करौंदा टोला निवासी महेश बनावल (पेशे से वकील) की 22 अक्टूबर को थाने में पत्नी प्रमिला ने लापता होने की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी.पुलिस उसकी तलाश कर रही थी, लेकिन उसका कहीं कोई सुराग नहीं मिला।
    पुलिस भी हैरान थी कि आखिर महेश को जमीन खा गई या आसमान निगल गया इसी बीच 21 नवंबर को मृतक के बड़े भाई अर्जुन बनावल ने पुलिस को सूचना दी कि उसके भाई के घर में कुछ दुर्गंध आ रहा है. पुलिस घटना स्थल पर पहुंची और रसोई में घुसी तो भी कुछ संदिग्ध लगा और दुर्गंध आ रहा था.पुलिस ने पाया कि रसोई में एक कब्र जैसा बना हुआ है जिसके ऊपर पत्नी चूल्हा रखकर खाना बनाती थी. जब उसे खोदा गया तो उसके अंदर से महेश की लाश बरामद हुई.मृतक महेश और प्रमिला के चार बच्चे हैं और चारों लड़कियां हैं।
    पुलिस को यह भी पता चला है कि मृतक का बड़ा भाई गंगाराम बनावल की उसकी पत्नी के साथ अवैध संबंध थे. तो हो सकता है कि दोनों मिलकर इस हत्या को अंजाम दिया हो. फिलहाल पुलिस आरोपी पत्नी को गिरफ्तार कर मामले की जांच कर रही है
  • सुर्खियों में हैं 21 साल के मयंक प्रताप सिंह, क्योंकि भारत के सबसे कम उम्र के बन गए हैं जज

    सुर्खियों में हैं 21 साल के मयंक प्रताप सिंह, क्योंकि भारत के सबसे कम उम्र के बन गए हैं जज

    दिल्ली। 21 साल के मयंक प्रताप सिंह अपने कारनामें की वजह से सुर्खियों में है. इसकी भी एक बड़ी वजह है. क्योंकि मयंक भारत में सबसे कम उम्र में जज बनने वाले शख्स बन गए हैं. मयंक राजस्थान के जयपुर के रहने वाले हैं। मयंक ने पहले ही प्रयास में राजस्थान न्यायिक सेवा परीक्षा में पहला स्थान हासिल करते हुए यह उपलब्धि हासिल की है. उन्होंने इसी साल राजस्थान यूनिवर्सिटी से एलएलबी की पढ़ाई पूरी की है।
    उनका कहना है कि वे हमेशा न्यायिक सेवाओं और समाज में जजों को मिलने वाले सम्मान के प्रति आकर्षित रहे. मयंक ने अपनी सफलता के लिए अपने परिवार, शिक्षकों और शुभचिंतकों को धन्यवाद भी दिया है। बता दें कि 2018 तक न्यायिक सेवा परीक्षा में बैठने की न्यूनतम उम्र 23 साल थी. इसी साल राजस्थान हाई कोर्ट ने इसे घटाकर 21 साल किया था. मयंक प्रताप सिंह ने कहा कि ‘इस कारण ही मैं इस परीक्षा में बैठ पाया. अब मुझे लगता है कि इस अवसर से मैं बहुत जल्दी काफी सारी चीजें और सीख पाऊंगा।’
  • राजधानी वासियों को आज से 6 दिन तक होगी पानी के लिए दिक्कत, मोटर पंप बदलने से होगी जलआपूर्ति की समस्या खत्म …

    राजधानी वासियों को आज से 6 दिन तक होगी पानी के लिए दिक्कत, मोटर पंप बदलने से होगी जलआपूर्ति की समस्या खत्म …

    रायपुर। राजधानी वासियों को आज से छह दिन तक पानी की दिक़्क़त का सामना करना पड़ेगा. नगर निगम द्वारा सप्लाई पेय जल को एक टाइम के लिए बाधित किया जाएगा. मोटर पंप बदलने के कारण शहरवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ेगा. एक मोटर पंप बदलने में 5 से 6 दिन का समय लग सकता है. एक के बाद एक पाँच मोटर पंप बदले जाएंगे और एक नई मोटर लगाई जाएगी।

    उपायुक्त पुलक भट्टाचार्य ने बताया कि जो 275 हॉर्सपावर के पांच मोटर लगे हुए हैं और ख़राब होने की स्थिति में बहुत पुरानी है. इसलिए अमृत मिशन के तहत पांच मोटर की जगह 6 मोटर 475 हॉर्सपावर की नई मोटर लगाई जाएगी. जिससे शहर में हो रही पानी की दिक़्क़त दूर हो जाएगी. फ़िलहाल अभी हमारे पास पानी का इनकमिंग कम है और आउटगोइंग की मांग ज़्यादा है. मोटर का पावर कम होने से टंकी पूरी नहीं भर पा रही है. अब ज़्यादा पावर की मोटर लगने से टंकी फुल भरने लगेगी. काम के दौरान मतलब ये नहीं है कि पानी बिलकुल भी शहरवासियों को नहीं मिलेगा सिर्फ़ एक टाइम का पानी बाधित होगा. ज़्यादा पानी की समस्या नहीं होगी. लेकिन पानी की समस्या थोड़ी बनी रहेगी. इसके लिए टीम गठित कर दी गई है. जहां पानी की समस्या हो रही है वो निगम के द्वारा जारी नंबर पर कॉल कर सूचित करें ताकि वहां समय रहते उचित व्यवस्था की जा सके।

    बता दें कि एक मोटर को बदलने में लगभग 6 दिन का समय लग रहा है 6 मोटर लगाने में 36 दिन का समय माना जा सकता है. चाहे निगम एक साथ लगातार सभी मोटर को बदले. या फिर कुछ दिन रुक कर काम करे. लेकिन लगभग एक महीने की दिक्कत जनता को पानी को लेकर होना तय है।

  • गरीबों को एक दिन में अस्सी लाख देने का फरमान, वरना …….. बड़ा खुलासा !!बड़ा सच !!!

    गरीबों को एक दिन में अस्सी लाख देने का फरमान, वरना …….. बड़ा खुलासा !!बड़ा सच !!!

    सरकार ने गरीबो के आशियाने पर बुलडोजर चलाने का नायाब नुस्खा आजमाया है। पहले पट्टा देने का प्रलोभन दे कर गरीबो की सहमति और दस्तावेजों पर हस्ताक्षर ले कर उनके आशियानों की नाप जोख की और जब प्रदेश भर में सारा डाटा इकट्ठा हो गया तो गरीबो को 15 से 80 लाख का नोटिस भेज दिया। नोटिस में साफ लिख दिया – राशि का भुगतान नहीं किया गया तो अतिक्रमण हटाने अर्थात घरों पर बुलडोजर चला दी जाएगी। रायगढ़ जिले के अफसरों की माने तो उन्हें सरकार ने इस माध्यम से 150 करोड़ रुपये वसूली का लक्ष्य दिया है। भाजपा ने इस मुद्दे पर तल्ख तेवर अपनाया है और कहा है कि जनविरोधी भपेश सरकार की मंशा उजागर हो गयी है । गरीबों को अस्सी लाख देने का नोटिस दिया गया है और उसे दूसरे दिन देना भी है।

    उक्ताशय की विज्ञप्ति जारी करते हुए भाजपा नेता आलोक सिंह ने भूपेश सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा है कि छत्तीसगढ सरकार के वित्तीय कुप्रबंधन ने प्रदेश को जिस तरीके से साल भर के भीतर ही कर्जे के बोझ तले दबा दिया है उससे उबारने के लिए सरकार ने गरीब गुरबा से न केवल धोखाधड़ी का सहारा लिया वरन अब सरकारी फरमान लठैतों की भूमिका में है। सोचने वाली बात है कि सरकार ही जब झूठ बोल कर उगाही का तरीका स्तेमाल करने लगे तो आम आदमी किस पर भरोसा करेगा ?

    विज्ञप्ति के माध्यम से खुलासा किया गया है कि बैकुंठपुर निवासी खीर दयाल पटेल और इंदिरा नगर निवासी ईश्वर देवांगन ही नही शहर के सैकड़ो लोग आज सकते में है। खीर दयाल को 79 लाख 65 हजार 900 रुपये तो ईश्वर देवांगन को 44 लाख 90 हजार 923 रुपये सरकारी खजाने में जमा करने का नोटिस मिला है। न पटाने पर उनका मकान तोड़ने की नोटिस मिली है। चांदमारी के निरंजन होता को लगभग 16 लाख और समारू बसोड़ को 20 लाख से ज्यादा की रकम जमा करने की नोटिस ने घर का चूल्हा नही जलने दिया। फिलहाल ऐसे 200 लोगो को नोटिस मिल चुका है और बाकियों को भी नोटिस मिलना बाकी है। इन लोगो को भूपेश सरकार ने घर की नाप जोख करवाने पर नजूल पट्टा देने का वायदा किया था जिसपर भरोसा करते हुए इन्होंने स्वयं आरआई और पटवारी की मिन्नतें की और खुद कब्जे की बात स्वीकारने के दस्तावेज पर हस्ताक्षर करते हुए घर की नाप जोख करवाई थी। कोई मजदूर है तो कोई छोटे मोटे काम कर जीवन यापन करता है। अब सरकारी नोटिस ने इनके होश फाख्ता कर दिए है। वो उस क्षण को कोस रहे है जब उन्होंने सरकार पर भरोसा किया था। उन्हें उम्मीद नहीं थी कि दशकों पहले उनके पुरखो ने जिस आशियाने को बनाया था उस आशियाने पर अब सरकार बुलडोजर चलाएगी।

    आलोक सिंह ने कहा है कि सरकारी अफसर 700 फिट पर दस रुपये की दर से पैसा ले कर पट्टा देने की बात कह रहे है वही उनका कहना है कि उससे ऊपर के कब्जाधारियों को सरकारी दर पर पैसा पटाना होगा अन्यथा उनके घर तोड़ दिए जाएंगे । यहां प्रश्न यह है कि सरकार की नीयत में खोट नही थी तो सरकार ने यह पहले क्यो नही कहा ? रायगढ़ में पदस्थ अपर कलेक्टर आर ए कुरुवंशी ने कहा है कि सरकार ने रायगढ़ में 150 करोड़ का लक्ष्य दिया है। लक्ष्य देना ही सरकार की नीयत का पर्दाफाश करता है। एक प्रश्न यह भी कि जो पैसा लिया जाना है वो मार्केट की गाइडलाइन से तय किया गया है। जबकि सभी जानते है कि इन दिनों जमीनों के रेट में आई नरमी सरकारी दर से बेहद नीचे है। ऐसे में गरीब गुरबा से सरकार वास्तविक कीमत से ज्यादा कीमत वसूल कर सरकारी खजाने की फांकाकशी दूर करना चाहती है। जहां तक 700 फिट पर 10 रुपये फुट राशि जमा कर पट्टा देने की बात है तो अब लोग सरकार की इस बात पर कैसे भरोसा करेंगे। जिन्होंने अपने घर का सीमांकन अभी नही कराया है वो भला किस भरोसे पर सीमांकन कराने आरआई पटवारी के पास जाएंगे।

    सरकारी कम्पनियों से शेयर कम करने या रख रखाव का ठेका देने पर कांग्रेस मोदी सरकार को अक्सर घेरने का प्रयास करती रही है। अब इस जमीन बेचवा भूपेश सरकार के जबाब देने की बारी है। कांग्रेस अपनी सरकार से इस बाबत सवाल पूछे और बताये कि अभी तो सरकारी खजाने को भरने के लिए जमीन बेची जा रही है इसके बाद सरकार की नजर किसपर है । अगली बार वो क्या क्या बेचने की तैयारी कर रही है ?

  • मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ में JIO का कमाल, एयरटेल, आइडिया, बीएसएनल को पछाड़ा…

    मध्यप्रदेश-छत्तीसगढ़ में JIO का कमाल, एयरटेल, आइडिया, बीएसएनल को पछाड़ा…

    रायपुर। मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ में सितंबर के महीने में कुल मोबाइल ग्राहक 7.54 करोड़ हो गए हैं. अगस्त में इनकी संख्या 7.52 करोड़ थी. मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ में कुल 1.68 लाख नए मोबाइल ग्राहक जुड़े हैं. ताजा आंकड़ों के अनुसार, सितंबर के महीने में सिर्फ जियो ही ग्राहक जोड़ने में कामयाब रही है, वहीं भारती एयरटेल, वोडाफोन-आइडिया और बीएसएनएल के ग्राहकों में कमी आई है।टेलीकॉम रेगुलेटर ट्राई के आंकड़ों की बात कहें तो रिलायंस जियो के अगस्त में 2.62 करोड़ सब्सक्राइबर्स थे, जो सितंबर में बढ़कर 2.68 करोड़ हो गए. जियो ने सितंबर के महीने में 5.6 लाख ग्राहक जोड़े हैं. मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ में भारती एयरटेल के अगस्त में 1.49 करोड़ सब्सक्राइबर थे, जो सितंबर में घटकर 1.48 करोड़ हो गए हैं. वोडाफोन-आइडिया के 2.76 करोड़ ग्राहक थे, जो सितंबर में घटकर 2.73 करोड़ हो गए हैं. बीएसएनएल के 63.8 लाख ग्राहक थे जो सितंबर में घटकर 63.7 लाख हो गए हैं। पूरे भारत की बात कहें तो कुल 117.37 करोड़ मोबाइल सब्सक्राइबर्स हैं. अगस्त में इनकी संख्या 117.1 करोड़ थी.  सितंबर में एक्टिव मोबाइल सब्सक्राइबर्स की संख्या 96.08 करोड़ रही. सितंबर में ग्रामीण इलाकों में मोबाइल ग्राहकों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है. वहीं शहरी इलाकों में ग्राहकों की संख्या घटी है. सितंबर में ग्रामीण इलाकों में मोबाइल ग्राहकों की संख्या 51.10 करोड़ से बढ़कर 51.72 करोड़ हो गई है. जियो फोन की अधिकतर बिक्री ग्रामीण इलाकों में ही होती है. पूरे भारत के लिहाज से वोडाफोन-आइडिया ने 25.7 लाख और भारती एयरटेल ने 23.8 लाख ग्राहक खोए हैं, वहीं रिलायंस जियो ने 69.83 लाख ग्राहक जोड़े हैं।