Blog

  • जानिये कुछ आसान टिप्स लॉक डाउन में अपनी आँखों का ख्याल रखने हेतु…..

    जानिये कुछ आसान टिप्स लॉक डाउन में अपनी आँखों का ख्याल रखने हेतु…..

    हाल ही में अमिताभ बच्चन ने अपनी आंखों और विजन प्रॉब्लम को ब्लॉग पर शेयर किया है । उन्होंने अपने ब्लॉग में लिखा ‘ये आंखें धुंधली तस्वारें देख रही है। आंखों से दो चीजें नजर आ रही हैं और कुछ दिनों से मुझे महसूस हो रहा है कि अंधापन आने वाला है। पहले से शरीर में इतनी मेडिकल दिक्कतों के साथ एक समस्या शुरू होने वाली है।’
    बाद में उन्होंने खुलासा किया कि डॉक्टर ने उन्हें भरोसा दिलाया है कि वो ब्लाइंड नहीं होने वाले। यह स्क्रीन ज्यादा देखने की वजह से हो रहा है, जिसका असर आंखों पर पड़ रहा है।उन्होंने हर घंटे आंखों में डालने के लिए आई ड्रॉप दिया है। कम्प्यूटर पर बहुत समय देने की वजह से ऐसा हुआ। आंखें थक गई और कुछ नहीं।

    अमिताभ की तरह इन दिनों आंखों में बढ़ती परेशानियों को कई लोग झेल रहे हैं। इसका सीधा-सा कारण मोबाइल और लैपटॉप का ज्यादा इस्तेमाल करना है। ऐसे में हमें समय रहते कुछ बातों को अपने रूटीन में शामिल कर लेना चाहिए।

    ऐसे पहचानें आंखों पर बढ़ते तनाव को
    यह जानने के लिए कि आपके स्क्रीन को देखते हुए आंखों में होने वाली सेंसेशन को पहचानना है। जैसे, खुजली, जलन, थकी हुई या सूखी आँखें इसकी शुरुआत हो सकती है। इसके अलावा सिरदर्द, गर्दन और पीठ में दर्द के भी लक्षण हैं। आपको अगर स्क्रीन देते हुए फोकस या लाइट से सेंसेशन होती है, तो आपको समझ जाना चाहिए कि आपकी आँखें बहुत अधिक ‘ब्लू लाइट’ (मोबाइल, लैपटॉप, कम्यूटर, टैब से निकलने वाली लाइट) के संपर्क में हैं।

    ऐसे रखें आंखों का ख्याल
    -लॉकडाउन के समय में ज्यादातर लोग वर्क फ्रॉम होम और समय काटने के लिए मोबाइल और लैपटॉप का इस्तेमाल कर रहे हैं, ऐसे में खुद को स्क्रीन दूर रख पाना आसान नहीं है लेकिन इस दौरान अपनी आंखों की देखभाल के लिए आप इन टिप्स को फॉलो कर सकते हैं।

    ⭕अध्ययन के अनुसार, हम एक मिनट में 15 बार झपकाते हैं। हालाँकि, हम केवल स्क्रीन को देखते समय 5-7 बार पलक झपकाते हैं। ब्लिंकिंग आंख की नमी को फिर से भरने का एक तरीका है, जो आपकी आंखों के लिए महत्वपूर्ण है। इसलिए, यह महत्वपूर्ण है कि आप स्क्रीन पर देखते समय पलक झपकना याद रखें।

    ⭕आप अपनी आँखों को ताजा करने के लिए कृत्रिम आँसू और आँखों की बूंदों का उपयोग कर सकते हैं यदि आपको लगता है कि वे बहुत बार सूख रहे हैं। अपनी आंखों को हाइड्रेट रखना और सतह को सूखने से बचाना जरूरी है।

    ⭕20-20-20 नियम का प्रयोग करें। नियम प्रत्येक 20 मिनट में दृष्टि को कम से कम 20 सेकंड के लिए 20 फीट दूर किसी वस्तु पर ट्र्रा्ंसफर करें।

    ⭕आप स्क्रीन देखते हुए प्रिस्क्रिप्शन चश्मे का उपयोग करने की कोशिश करें, जो कंप्यूटर स्क्रीन पर ध्यान केंद्रित करने में आपकी मदद करते हैं। इससे आपकी आंखों में खिंचाव कम हो जाएगा।

    ⭕स्क्रीन चमक को कम करने के लिए एक मैट स्क्रीन फिल्टर का उपयोग करने का प्रयास करें ।

    ⭕याद रखें कंप्यूटर स्क्रीन आपकी आँखों से लगभग 25 इंच की दूरी पर है, जो लगभग एक हाथ की लंबाई की दूरी पर है। स्क्रीन को इस तरह से रखा जाना चाहिए कि आपकी आँखें थोड़ा नीचे की ओर टिकी रहें और सीधे आगे न हों।

  • छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक जगहों में अब मास्क पहनना अनिवार्य,राज्य सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने किया आदेश जारी

    छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक जगहों में अब मास्क पहनना अनिवार्य,राज्य सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने किया आदेश जारी

    रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य में प्रत्येक व्यक्ति को अब घर से बाहर सार्वजनिक स्थानों में निकलते समय मास्क पहनना अनिवार्य किया गया है। राज्य सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग मंत्रालय महानदी भवन से इस आशय का आदेश जारी किया गया है।
    जारी आदेश के तहत चिकित्सकीय विशेषज्ञों द्वारा कोविड-19 के रोकथाम व बचाव के लिए प्रत्येक व्यक्ति को मास्क-फेस कवर पहनना आवश्यक बताया गया है। यह एपिडेमिक एक्ट 1897 एवं छत्तीसगढ़ एपिडेमिक डीसीजेज कोविड-19 विनियम 2020 तथा छत्तीसगढ़ पब्लिक हेल्थ एक्ट 1949 की धारा 71 (1) के तहत अनिवार्य किया गया है। बिना मास्क-फेस कवर के घर से बाहर सार्वजनिक स्थानों पर जाना इसका उल्लंघन माना जाएगा और तदनुसार विधिक कार्यवाही की जाएगी।
    आदेश में कहा गया है कि बाजार में मिलने वाले ट्रिपल लेयर मास्क का प्रयोग किया जा सकता है अथवा होम मेड तीन परतों वाला फेस कवर बनाया जा सकता है। इस होम मेड मास्क-फेस कवर को साबुन से सफाई से धोकर पुनः प्रयोग में लाया जा सकता है। मास्क और फेस कवर उपलब्ध ना होने की स्थिति में गमछा, रूमाल, टुपट्टा आदि का भी उपयोग फेस कवर के रूप में किया जा सकता है। बशर्ते मास्क-फेस कवर पूर्ण रूप से मुंह एवं नाक को ढकने में सक्षम हो। कभी भी उपयोग में लाया हुआ फेस कवर मुंह, नाक ढकने में प्रयुक्त होने वाला गमछा आदि का पुनः प्रयोग बिना साबुन से अच्छी तरह साफ किए नहीं किया जाए।

  • छत्तीसगढ़ में देर रात कोरोना के 7 नये मरीज मिले, प्रदेश कुल मरीजों की संख्या हुई 25, अभी 15 का चल रहा है इलाज….

    छत्तीसगढ़ में देर रात कोरोना के 7 नये मरीज मिले, प्रदेश कुल मरीजों की संख्या हुई 25, अभी 15 का चल रहा है इलाज….

    कोरबा। कोरबा एक और बड़ी खबर आ रही है। कोरबा में 7 और कोरोना के नए मरीज मिले है। ये सभी कटघोरा के उसी इलाके के रहने वाले हैं, जहां से 2 दिन पहले 7 मरीज मिले थे। देर रात आयी कोरोना की सैम्पल रिपोर्ट में 7 नये लोगों में कोरोना की पुष्टि हुई है। इसके साथ ही प्रदेश में मरीजों की संख्या बढ़कर अब 25 हो गयी है, अस्पताल में अभी फिलहाल 15 मरीजों का इलाज चल रहा है।

    आपको बता दें कि कटघोरा के मस्जिद पारा इलाके में पिछले दिनों 7 कोरोना के नए मरीज मिलने के बाद पूरे इलाके में पूरी तरह लॉकडाउन कर दिया गया था। जिला प्रशासन की तरफ से संक्रमित लोगों के परिजनों और उनके संपर्क में आये लोगों का सैम्पल टेस्ट के लिए भेजा गया था, उन्ही में से ये 7 रिपोर्ट पॉजिटिव आयी है।
    जिन लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आयी है उनमें 2 महिला और 5 पुरुष शामिल हैं।

    टेस्ट के बाद अब संक्रमित लोगों को एम्स लाने के तैयारी चल रही है। सुबह सभी प्रभावित लोगों को रायपुर एम्स लाया जाएगा।


    आपको बता दें कि राज्य सरकार ने कटघोरा में लगातार कोरोना मरीज मिलने के बाद इलाके के सभी लोगों के टेस्ट कराने के निर्देश दिए थे, वहीं इलाके को लॉक डाउन करने के साथ आने जाने वाले लोगों की हिस्ट्री इकट्ठा करने के निर्देश दिए थे।
    जिस तरह से लगातार कटघोरा में मरीज मिल रहे हैं, उसके बाद इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में संक्रमण का डर सताने लगा है।
    सूचना के बाद प्रशासन की टीम मौके की तरफ रवाना हो रही है।

  • छत्तीसगढ़ के लिए एक राहत की खबर, कोरोना टेस्ट रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद डिस्चार्ज हुआ युवक…

    छत्तीसगढ़ के लिए एक राहत की खबर, कोरोना टेस्ट रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद डिस्चार्ज हुआ युवक…

    कोरबा। जिले के कटघोरा में कोरोना पॉजिटिव पाए गए 16 वर्षीय किशोर को कोरोना टेस्ट रिपोर्ट निगेटिव मिलने के बाद शुक्रवार को देर रात एम्स से डिस्चार्ज कर दिया गया। दूसरी ओर कोरबा शहर के 16 लोगों को क्वॉरेंटाइन सेंटर में शिफ्ट किया गया हैै।
    छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के कटघोरा में एक 16 वर्षीय किशोर को कोरोना पॉजिटिव पाए जाने के बाद 4 अप्रैल को उपचार के लिए एम्स रायपुर में दाखिल कराया गया था। एक सप्ताह बाद यह किशोर स्वस्थ हो गया है और शुक्रवार को देर रात उसे एस्स से डिस्चार्ज कर दिया गया। यह जानकारी छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री टी एस सिंहदेव ने देर रात अपने ट्विटर अकाउंट पर साझा की है।

  • कंडोम बनाने वाली कंपनी को मिला टेस्ट किट बनाने का ठेका… हर दिन बनाएगी 20 हजार यूनिट…

    कंडोम बनाने वाली कंपनी को मिला टेस्ट किट बनाने का ठेका… हर दिन बनाएगी 20 हजार यूनिट…

    दिल्ली। कोरोना वायरस (Coronavirus) के संक्रमण को रोकने के लिए सरकार सोशल डिस्टेंसिंग के साथ-साथ ज्यादा से ज्यादा ब्लड टेस्ट कराने पर ज़ोर दे रही है. हर दिन टेस्ट की संख्या को बढ़ाने की कोशिश की जा रही है. देश में फिलहाल पर्याप्त संख्या में टेस्टिंग किट नहीं हैं. ऐसे में कंडोम (Condom) बनाने वाली एक सरकारी कंपनी हिंदुस्तान लैटेक्स लिमिटेड (HLL) को किट बनाने की ज़िम्मेदारी दी गई है. रिपोर्ट के मुताबिक सोमवार से किट बनाने का काम शुरू हो जाएगा।

    कंडोम से मिली लोकप्रियता

    1970 के दशक में इस कंपनी ने परिवार नियोजन में बेहद अहम भूमिका निभाई थी. उस दौरान ये कंपनी निरोध के नाम से कंडोम बनाती थी. लेकिन वक्त के साथ कंपनी का मार्केट शेयर घटता गया. तीन साल पहले HLL को निजीकरण करने का भी मुद्दा उठा था. इसके अलावा पिछले महीने भी ये कंपनी विवादों में थी. आरोप लगा था कि स्वास्थ्यकर्मियों के प्रोटेक्टिव इक्विपमेंट बनाने में इसने देरी कर दी।

    15-20 मिनट में आएगा रिजल्ट
    कंपनी के मुताबिक, कोरोना वायरस के मरीजों के लिए वो ऐसा टेस्टटिंग किट बना रही है, जिससे सिर्फ 15-20 मिनट में नतीजे आ जाएंगे. कंपनी के टेकनिकल ऑपरेशन के डायरेक्टर इए सुब्रमनियम के मुताबिक HLL ने ये किट सिर्फ एक महीने में तैयार किया है. इससे पहले कंपनी टीबी, डेंगू और मलेरिया के लिए टेस्टटिंग किट तैयार कर चुकी है।

    क्या है किट की कीमत
    HLL को सरकार की तरफ से फिलहाल 2 लाख किट बनाने का ऑर्डर मिला है. हरियाणा के मानेसर के प्लांट में हर दिन 20 हज़ार किट तैयार करने का लक्ष्य है और अगले 10 दिनों में ये सारे ऑर्डर पूरे कर लिए जाएंगे. आमतौर पर COVID-19 टेस्ट के लिए किट की कीमत बाजार में 700-800 रुपये है, लेकिन HLL इसकी कीमत सिर्फ 350-400 के बीच रखेगी. ऐसे में कई सालों से घाटे में रहने वाली इस सरकारी कंपनी को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में कंपनी के लिए हालात बेहत होंगे।

    चीन को भी दिया ऑर्डर
    बता दें कि टेस्टटिंग किट के लिए भारत पहले ही चीन की कई कंपनियों को ऑर्डर दे चुका है. किट आने भी शुरू हो गए है. सरकार को उम्मीद है कि अगले कुछ दिनों में बड़े पैमाने पर कोरोना के टेस्ट किए जाएंगे।

  • इस दवा की खुली बिक्री पर गवर्नमेन्ट को लगानी पड़ी रोक…..लगातार स्टॉक की जानकारी हो रही अपडेट….

    इस दवा की खुली बिक्री पर गवर्नमेन्ट को लगानी पड़ी रोक…..लगातार स्टॉक की जानकारी हो रही अपडेट….

    पूरे प्रदेश में मलेरिया की दवा हाइड्रोक्सी क्लोरोक्विन की दवा खुला बेचने पर रोक लगा दी गई है। सरकार के निर्देश के अनुसार इस दवा को अब बिना बिना डॉक्टर के पर्ची के देना मना कर दिया गया है।

    कोरोना संक्रमण के दौरान अचानक सुर्खियों में आई मलेरिया की दवा हाइड्रोक्सी क्लोरोक्वीन की खुली बिक्री पर लगी रोक।

    अब बगैर चिकित्सक की सलाह पर यह दवा नहीं मिल पाएगी। सरकार द्वारा जिले के दवा निरीक्षकों को दिए गए निर्देश के बाद इसके लिए औषधि विक्रेताओं को निर्देश जारी कर दिए गए है। विभाग इसके लिए सभी दवा दुकानों से इसके स्टॉक की लगातार जानकारी अपडेट कर रहा है।

    कोरोना संक्रमण के दौरान देश में प्रचलित मलेरिया की दवा हाइड्रोक्सी क्लोरोक्वीन को कोरोना संक्रमण के लिए एक कारगर दवा के तौर पर दावा किया जा रहा था, इसी दौरान यह उस समय अचानक सुर्खियों में आई जब अमेरिका सहित अन्य कई देशों ने भारत सरकार से इसकी आपूर्ति की मांग रखी। अन्य देशों से इसकी मांग को देखते हुए जिले के कई हिस्सों में भी इसके बगैर जरूरत को देखते हुए खरीदने की जानकारी सामने आने लगी। जिसको देखते हुए एहतियातन खाद्य एवं औषधि नियंत्रण बोर्ड ने इसकी खुली बिक्री पर लगाम लगाने की तैयारी कर ली। इसी निर्देश अब जिला औषधि निरीक्षकों ने अपने-अपने क्षेत्र के दवा दुकान में इसकी खुली बिक्री पर रोक लगा दी है और इसके स्टॉक को लगातार अपडेट कर रहा है। प्रतापपुर क्षेत्र के औषधि निरीक्षक अमरेश तिर्की ने बताया कि इसकी खुली बिक्री के पीछे रोक का कारण यह है कि कोरोना संक्रमण को लेकर किये जा रहे दावे के बीच नागरिक इसका दुरुपयोग न करे व बगैर चिकित्सीय सलाह के इसका उपयोग न करे। इसलिए अब जरूरत पड़ने पर एमबीबीएस चिकित्सक इस दवा की जरूरत पर मरीजों को यह दवा लिख सकेंगे, जो किसी भी दवा दुकान में उपलब्ध हो जाएगी। उन्होनें बताया कि इसके लिए सभी दवा विक्रेताओं से उनके स्टॉक की जानकारी ले ली गई है, और इसकी बिक्री को लेकर लगातार अपडेट ली जा रही है। इधर प्रतापपुर नगर में संचालित 7 दवा दुकानों में इसके स्टॉक की जानकारी लिए जाने के साथ गंभीरता से निर्देश का पालन कराया जा रहा है।

  • राजधानी में दो व्यक्ति पत्रकारिता की आड़ में शराब व नशीली दवाई की तस्करी करते पकड़ाए….

    राजधानी में दो व्यक्ति पत्रकारिता की आड़ में शराब व नशीली दवाई की तस्करी करते पकड़ाए….

    लाखों रूपये की शराब और पिस्टल, रिवाल्वर कारतूस जप्त

    साथ ही नशीली दवाई और टेबलेट की सैंकडों की संख्या में मिले

    रायपुर। प्रदेश की राजधानी में एक सनसनीखेज मामले का खुलासा हुआ है। पुलिस ने उक्त मामले में एक कथित पत्रकार को गिरफ्तार किया है।

    आरोपी पत्रकारिता की आड़ में शराब की तस्करी किया करता था। पुलिस ने छापेमारी के दौरान उस कथित पत्रकार के पास महंगी शराब का ही नहीं हथियारों का भी जखीरा बरामद किया है। खुद को पत्रकार साबित करने के लिए युवक ने एक कथित प्रेस आईडी कार्ड भी बनवा रखा था और खुद को पत्रकार बताकर रसूख दिखाया करता था। पुलिस ने उसके एक साथी को भी गिरफ्तार किया है।

    दरअसल राजधानी पुलिस को सूचना मिली थी कि लाॅकडाउन का फायदा उठाकर दो आरोपी शंकर नगर के राजीव नगर में शराब बेच रहे है। शिकायत के बाद एसएसपी आरिफ शेख के निर्देश पर क्राइम ASP पंकज चंद्रा, सीएसपी आभिषेक माहेश्वरी सीएसपी सिविल लाईन नासिर सिद्दीकी के नेतृत्व में थाना प्रभारी खम्हारडीह ममता शर्मा ने राजीव नगर से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। आरोपी का नाम जतिंद्र आकाश सिंह हैं जो खुद को एक मासिक पत्रिका का पत्रकार बता रहा है। पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने शराब बेचने की बात कबूल कर ली है।

    आरोपी जतिंद्र के घर से 2 नग पिस्टल, एक रिवाल्वर, आठ नग जिंदा कारतूस, चार नग धारदार हाथियार एवं टेबलेट, 42 नग कोडिन सिरप और एक कार बरामद किया गया है। पुलिस ने आरोपी के एक और अन्य साथी मयंक अग्रवाल को भी गिरफतार किया है, आरोपी के घर से महंगी दारू के बोतल और बीयर भारी मात्रा में बरामद किया गया है।

    एक पेटी के आसपास शराब और कुछ हथियार जब्त किए गए है और कार्रवाई अभी भी जारी है, राजीव नगर स्थित इसके घर से एक कार भी बरामद कि गई है, आरोपी ने अपने आप को किसी मैग्जीन का पत्रकार बताया है।

  • मेडिकल कॉलेज के प्रोफेसर किए गए निलंबित… हुए थे जमात में शामिल और छिपाई जानकारी

    मेडिकल कॉलेज के प्रोफेसर किए गए निलंबित… हुए थे जमात में शामिल और छिपाई जानकारी

    शहडोल। मेडिकल कॉलेज शहडोल में पदस्थ प्रोफेसर डॉ मोहम्मद मुजाहिद अंसारी दिल्ली जमात में शामिल हो कर ट्रेवल हिस्ट्री नही बताई थी।

    प्रोफेसर अंसारी 6 से 11 मार्च तक नागपुर के लिये अवकाश ले कर दिल्ली जमात में शामिल हुए थे ।जमात में शामिल हो कर 12 से 19 मार्च मेडिकल कालेज में सेवाएं भी दी थी। देश मे बढ़ते संक्रमण के बावजूद कालेज प्रबंधन को इसकी जानकारी देने के बजाए उनके द्वारा यह जानकारी छुपाने के कारण यह कार्यवाही की गईं है।

    हालांकि शहडोल से जमात में शामिल होने के लिए गए लोगों की जांच के बाद नेगेटिव रिपोर्ट ने जिले की चिंता घटा दी थी,लेकिन इसी बीच शहडोल मेडिकल कॉलेज में पदस्थ प्रोफेसर के चोरी छुपे जमात में शामिल होने की जानकारी सामने आने के बाद एक बार फिर शहडोल को सुर्खियों में ला दिया है।

     

  • कोरबा जिले से सटे धरमजयगढ़ के सभी बॉर्डर सील … सुरक्षित रहना हो तो लॉक डाउन का पालन करें : एसडीओपी नायक

    कोरबा जिले से सटे धरमजयगढ़ के सभी बॉर्डर सील … सुरक्षित रहना हो तो लॉक डाउन का पालन करें : एसडीओपी नायक

    कोरबा जिले के कटघोरा में तबलीगी जमात से जुड़े सात लोगों का अचानक चीनी बीमारी से संक्रमित पाए जाने के बाद रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ क्षेत्र के सभी बॉर्डर को पूरी तरह सील कर दिया गया है।बता दे कि रायगढ़ जिले का धरमजयगढ़ कोरबा जिले से लगा हुआ है ऐसे में धरमजयगढ़ के तेजतर्रार एसडीओपी सुशील नायक किसी भी तरह का रिस्क नही लेना चाहते और इस समय चल रहे हालातों को दखते हुए धरमजयगढ़ क्षेत्र की उन तमाम इलाकों पर पुलिस, फॉरेस्ट ऑफिसर, पुलिस मित्रदल के सदस्यों और कोटवारों की मदद से कड़ी निगरानी की जा रही हैं जो कोरबा जिले से लगे हुए हैं जिनमे प्रमुख रूप से बोरों, फ़तेपुर, हाटी जैसे अन्य मार्ग है।

    इन सड़कों पर बेरियर लगाया गया है बड़े बड़े पेड़ गिराकर इन रास्तों को सील कर दिया गया है। चीनी बीमारी से ग्रसित इन लोगो की जैसे ही जांच सामने आई धरमजयगढ़ एसडीओपी तत्काल उन क्षेत्रों के दौरे पर पहुँचकर इलाके के रास्तों को सील कर आवागमन पर प्रतिबंध लगा दिया इसी के साथ ही लॉक डाउन प्रक्रिया में सख्ती से पालन कराने के लिए धरमजयगढ़ एसडीओपी सुशील कुमार नायक ने पूरे क्षेत्र का भ्रमण किया। जहां स्थानीय सब्जी मंडी और बाजार में व्यवसायियों को कड़ी चेतावनी देते हुए लॉक डाउन व सोशल डिस्टेंस का पालन करने की हिदायत दी अनावश्यक रूप से बाजार में घूम रहे लोगो को फटकार लगाते हुए कहा कि बिना आवश्यक कार्य के कोई भी घर से बाहर न निकले।

    एसडीओपी नायक ने बताया की ऐसे लोग जो अनावश्यक रूप से बाजार में झोला और दवाई की पर्ची के साथ बहाना बनाकर घूमते है उन्हें भी कड़ी चेतावनी दी है। औऱ ऐसे लोगो को चिन्हित कर कड़ी कार्रवाई करना आरम्भ कर दिया हैं वहीं एसडीओपी नायक के सजगता की वजह से सभी चेक पोस्ट में पुलिस जवानों द्वारा निरन्तर आवश्यक कार्रवाई जारी है। यहां से गुजरने वाले सभी लोगों की निगरानी की जा रही है। सभी को हिदायत भी दे रहे हैं। एसडीओपी ने कहा है कि अगर लोग नियमों का पालन नहीं करेंगे तो उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही पुलिस ने यह भी कहा कि अगर सुरक्षित रहना है तो आप सभी घर में ही रहें और नियमों का पालन करें साथ ही लोगों को भी जागरुक करने का काम करें।

  • कोरोना से लड़ने, मुख्यमंत्री ने की समाज के सक्षम वर्ग से दान करने की अपील….

    कोरोना से लड़ने, मुख्यमंत्री ने की समाज के सक्षम वर्ग से दान करने की अपील….

    रायपुर। प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कोरोना संकट के बीच समाज के सक्षम वर्ग के लोगों से दान करने की अपील की है. सीएम बघेल ने कहा की यह संकट का समय है। सरकार जो कुछ कर सकती है, कर रही है। लेकिन बहुत कुछ और है जो किया जा सकता है। प्रदेश के बहुत से सुधिजनों ने ग़रीब और ज़रुरतमंदों की सहायता करने की इच्छा जताई है। मैं समाज के सक्षम वर्ग से इस संकट के समय में दान की अपील करता हूं।

    प्रदेश में कोरोना की स्थिति- 
    प्रारंभिक 10 कोरोना वायरस पॉजिटिव मरीजों में से 9 पहले ही डिस्चार्ज हो चुके थे जबकि शेष भर्ती 16 वर्षीय युवक पूर्णतः स्वस्थ होने के बाद आज डिस्चार्ज कर दिया जाएगा। इस प्रकार सभी प्रारंभिक 10 मरीज सही हो चुके हैं।

    2 दिन पहले आए 8 मरीजों का इलाज भी जारी है।