Author: Sunil Agrawal

  • डिप्टी कलेक्टर प्रिया गोयल का स्लोगन जनगणना 2021 के दौरान गूंजेंगे पूरे देश में… प्रतियोगिता में हासिल किया स्थान…

    डिप्टी कलेक्टर प्रिया गोयल का स्लोगन जनगणना 2021 के दौरान गूंजेंगे पूरे देश में… प्रतियोगिता में हासिल किया स्थान…

    पेंड्रा। भारत में 2021 में होने वाली जनगणना के लिए स्लोगन प्रतियोगिता आयोजित की गई थी. प्रतियोगिता में नया रायपुर डेवलपमेंट अथॉरिटी में प्रशिक्षु प्रबंधक के तौर पर पदस्थ हैं. डिप्टी कलेक्टर प्रिया गोयल के लिखे स्लोगन को स्थान मिला है।

    भारत सरकार की वेबसाइट www.mygov.in के जरिए केंद्रीय गृह मंत्रालय और रजिस्ट्रार जनरल ऑफ इंडिया जनगणना विभाग ने स्लोगन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था. इसमें पूरे भारत से 10000 प्रतिभागियों ने भाग लिया था, जिसमें प्रिया गोयल भी शामिल थीं. प्रिया गोयल के स्लोगन ‘जनगणना. तैयारी प्रगति की, भागीदारी आपकी’ को स्थान मिला है. इस स्लोगन का इस्तेमाल पूरे देश में 2021 में होने वाली जनगणना के दौरान किया जाएगा।

  • क्या है फ़ास्ट टैग? जानिए आखिर वाहनों पर लगाना क्यों है जरूरी…टोल टैक्स का भुगतान करते समय होने वाली परेशानियों से मिलेगी निजात

    क्या है फ़ास्ट टैग? जानिए आखिर वाहनों पर लगाना क्यों है जरूरी…टोल टैक्स का भुगतान करते समय होने वाली परेशानियों से मिलेगी निजात

    दिल्ली। राष्ट्रीय राजमार्गों पर एक दिसंबर के बाद यदि कोई वाहन फास्टैग (FasTag) के बिना टोल प्लाजा की फास्टैग लेन से गुजरता है तो उसे दुगुना टोल भरना पड़ेगा। यह बात खुद केन्द्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने कही है। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की प्रमुख पहल राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिक पथकर संग्रह (NETC) के तहत टोल भुगतान गेट से सिर्फ फास्टैग के जरिए ही भुगतान होगा।

    केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के मुताबिक देशभर के 537 टोल प्लाजा में से महज 17 को छोड़कर सभी टोल प्लाजा फास्टैग हो जाएंगे। आपको बता दें कि 17 प्लाजा अभी नए हैं उनमें धोड़ा समय लगेगा लेकिन वह भी फास्टैग हो जाएंगे।

    आखिर क्या है फास्टैग ?

    फास्टैग को इलेक्ट्रानिक टोल कनेक्शन सिस्टम भी कहा जाता है। भारत में इसकी शुरुआत सबसे पहले साल 2014 में हुई थी। यह एक तरह का रेडियो फ्रिक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन टैग है। जिसके जरिए सरकार वाहन चालकों को राहत देने जा रही है। दरअसल, सरकार ने राष्ट्रीय राजमार्गों पर बने टोल प्लाजा लेन को इलेक्ट्रानिक टोल कनेक्शन से लैस किया है।

    कैसे करें फास्टैग का इस्तेमाल 

    फास्टैग के जरिए टोल प्लाजा में टोल टैक्स का भुगतान करते समय जिन परेशानियां का चालक को सामना करना पड़ता है उससे निजात मिलेगी। फास्टैग के जरिए आप टोल प्लाजा में बिना रुके ही टोल टैक्स दे सकते हैं। इसके लिए बस आपको अपने वाहन में फास्टैग लगाना होगा और आपके फास्टैग अकाउंट से पैसे खुद-ब-खुद कट जाया करेंगे। वहीं जब आपके फास्टैग अकाउंट में जमाराशि समाप्त हो जाएगी तो आपको उसका रिचार्ज करना पड़ेगा। इसकी वैधता 5 साल की होगी। 5 साल पूरे होने के बाद आपको फिर से अपनी गाड़ी में फास्टैग लगवाना पड़ेगा या फिर उसे रिन्यू कराना पड़ेगा।

    फास्टैग को कहां लगाना पड़ेगा? 

    अब यह सवाल हर किसी के ज़हन में उठ रहा है कि फास्टैग को आखिर लगाएंगे कहां। तो सुनिए फास्टैग को आप अपने वाहन की विंडस्क्रीन पर लगाएंगे। आपको बता दें कि काफी चालकों ने अपनी गाड़ियों में फास्टैग लगा लिया है।

    फास्टैग लगाने से आपको लंबी-लंबी कतारों में अपना समय खपाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। जैसे ही आप टोल प्लाजा को क्रास करेंगे खुद-ब-खुद भुगतान हो जाएगा। इससे आपका समय तो बचेगा ही साथ ही साथ पेट्रोल या फिर डीजल की भी बचत होगी। मिली जानकारी के मुताबिक फास्टैग का इस्तेमाल करने वाले लोगों को टोल भुगतान पर 2.5 प्रतिशत का कैशबैक भी मिलेगा।

    यहां मिलेगा फास्टैग

    वाहन चालकों को यह फास्टैग सभी टोल प्लाजा के साथ-साथ कुछ बैंकों में मिलेगा। जिनमें एसबीआई, एचडीएफसी और आईसीआईसीआई बैंक शामिल हैं। इसे आप पेमेंट साइट Paytm और Amazon.in से भी खरीद सकते हैं। साथ ही साथ यह इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन और भारत पेट्रोलियन के पेट्रोल पंप में भी उपलब्ध है।फास्टैग लेने के लिए बस आपको एक फॉर्म फिल करना पड़ेगा। फॉर्म फिल करने के लिए आपके पास वाहन का रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट, चालक की फोटो और केवाईसी कागजात होना चाहिए। जिसके बाद एक फास्टैग खाता आपके नाम पर एलॉट हो जाएगा। फिर आप इसका इस्तेमाल कर सकेंगे।

    फास्टैग नहीं लगाया तो करना पड़ेगा दोगुना भुगतान

    केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने साफ शब्दों में कहा कि एक दिसंबर के बाद यदि कोई वाहन फास्टैग के बिना टोल प्लाजा की फास्टैग लेन से गुजरता है तो उसे दोगुना टोल भरना पड़ेगा। आपको बता दें कि फास्टैग वाली गाड़ियां ही फास्टैग से निकल सकेंगी। लेकिन जिन वाहनों में फास्टैग नहीं लगा होगा उन्हें फास्टैग लेन से निकलने पर दोगुना भुगतान करना पड़ेगा। हालांकि, टोल प्लाजा पर एक लेन ऐसी भी होगी जहां बिना-टैग वाले वाहनों से सामान्य टोल ही वसूला जाएगा।

    गडकरी ने कहा कि फास्टैग को लोकप्रिय बनाने के लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) एक दिसंबर तक इसे निशुल्क वितरित कर रही है। जबकि एक दिसंबर के बाद एनएचएआई फास्टैग के लिए राशि लेगा। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि अगले पांच साल में एनएचएआई की सालाना आय बढ़कर एक लाख करोड़ रुपए तक पहुंच जाने की उम्मीद है। अगले दो साल में एनएचएआई का टोल राजस्व 30 हजार करोड़ रुपए तक पहुंच जाने का अनुमान है।

  • होटल्स के बाद अब पुलिस थाने में ‘रोबोट’ सुनेगा आपकी ‘शिकायत’ और दिलाएगा आपको ‘न्याय’

    होटल्स के बाद अब पुलिस थाने में ‘रोबोट’ सुनेगा आपकी ‘शिकायत’ और दिलाएगा आपको ‘न्याय’

    दिल्ली। रोबोट आजकल होटल से लेकर सिनेमा हाल तक में इस्तेमाल हो रहे हैं. अब पुलिस भी अपना काम आसान करने के लिए रोबोट की मदद ले रही है।

    आंध्र प्रदेश ने भी ऐसी ही एक पहल शुरु की है. साइबर  अपराधों से निपटने के लिए आंध्र प्रदेश पुलिस ने पहली बार रोबोट साइबिरा की नियुक्ति की है. ये रोबोट लोगों की शिकायतों को रजिस्टर करके उनका तेजी से निस्तारण करने में पुलिस की मदद करेगा।

    आंध्र प्रदेश में पहली बार इस तरह का प्रयोग किया गया है . जिसके तहत पुलिस महकमे में रोबोट की नियुक्ति की गई है.  इसका मकसद पुलिस के काम को आसान बनाना और प्रक्रिया में तेजी लाना है. इसमें 138 तरह के एप्लिकेशन को इंस्टॉल किया गया है. 13 कैमरों से लैस ये रोबोट 360 डिग्री पर 24 घंटे सातों दिन काम कर सकता है।

  • महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे बनेंगे मुख्यमंत्री, शिवसेना के साथ एनसीपी और कांग्रेस की बनी सहमति, शनिवार को सरकार बनाने का कर सकते हैं दावा…

    महाराष्ट्र में उद्धव ठाकरे बनेंगे मुख्यमंत्री, शिवसेना के साथ एनसीपी और कांग्रेस की बनी सहमति, शनिवार को सरकार बनाने का कर सकते हैं दावा…

    मुंबई। महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के करीबन महीने भर बाद सरकार बनने की राह नजर आ रही है. शिवसेना के उद्धव ठाकरे के साथ एनसीपी के नेता शरद पवार और कांग्रेस के नेताओं की हुई बैठक में सरकार बनाने पर चर्चा की. बैठक में उद्धव ठाकरे को मुख्यमंत्री बनाने पर सहमति बनी. लेकिन अन्य पदों को लेकर अभी भी कश्मकश जारी है. शिवसेना के उद्धव ठाकरे व आदित्य ठाकरे, एनसीपी के शरद पवार व अजीत पवार के साथ कांग्रेस के नेताओं की शुक्रवार को हुई बैठक में उद्धव ठाकरे को मुख्यमंत्री बनाए जाने पर सहमति बनी. इस पर अंतिम चर्चा शनिवार को और तीनों दलों के बीच होगी, जिसके बाद संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस के जरिए प्रदेश की जनता को संदेश दे दिया जाएगा. इसके साथ ही तीनों दल राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का अपना दावा पेश करेंगी बैठक में हुई चर्चा से जो बात सामने बाहर निकलकर आ रही है, उसके अनुसार, शिवसेना को मुख्यमंत्री के पद के अलावा 16 मंत्री के पद मिलेंगे. वहीं एनसीपी के खाते में डिप्टी सीएम के अलावा 14 मंत्रियों के पद आएंगे. कांग्रेस को विधानसभा में स्पीकर के साथ 12 मंत्री पद मिल सकते हैं. हालांकि, विधानसभा स्पीकर और डिप्टी स्पीकर को लेकर अभी भी तीनों दलों के बीच कश्मकश की स्थिति बताई जा रही है.
  • हाईकोर्ट ने सहकारी समितियों को भंग करने का फैसला किया खारिज, 170 से ज्यादा याचिकाएं की गयी थी दायर …

    हाईकोर्ट ने सहकारी समितियों को भंग करने का फैसला किया खारिज, 170 से ज्यादा याचिकाएं की गयी थी दायर …

    बिलासपुर। प्रदेश की तमाम सहकारी समितियों को भंग करने के राज्य सरकार के आदेश को उच्च न्यायालय ने खारिज कर दिया है. सरकार ने एक झटके में राज्य की 1333 सहकारी समितियों को भंग कर दिया था।

    https://youtu.be/CQPXN0RXit4

    सहकारी समितियों को भंग किए जाने के शासन के फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट में 170 से ज्यादा याचिकाएं दायर की गई थी, जिस पर चीफ जस्टिस की डिवीजन बेंच ने सुनवाई के बाद शुक्रवार को फैसला सुनाते हुए सरकार के फैसले को निरस्त कर दिया. याचिकाओं में प्रजातांत्रित तरीके से चुनी हुई समितियों को भंग करने को गलत बताया गया था।

  • छत्तीसगढ़ के डी जी पी डीएम अवस्थी ने सभी रेंज पुलिस महानिरीक्षकों और पुलिस अधीक्षकों से की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग

    छत्तीसगढ़ के डी जी पी डीएम अवस्थी ने सभी रेंज पुलिस महानिरीक्षकों और पुलिस अधीक्षकों से की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग

    रायपुर। छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशक डीएम अवस्थी ने राज्य के सभी रेंज पुलिस महानिरीक्षकों और पुलिस अधीक्षकों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित बैठक में प्रदेश की कानून व्यवस्था सहित अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की. अवस्थी ने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की मंशा के अनुरूप गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू के निर्देशानुसार छत्तीसगढ़ पुलिस आमजनों की मददगार बने वहीं अपराधियों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करें।

    डीजीपी ने जालसाज चिटफंड कंपनियों के प्रबंधकों और संचालकों के विरूद्ध अभियान चलाकर कार्रवाई करने के साथ ही इनके एजेन्टों और अभिकर्ताओं के विरूद्ध दर्ज प्रकरणों की वापसी की कार्यवाही शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं. पुलिस महानिदेशक ने अधिकारियों को राज्य के सीमावर्ती इलाकों में अंतर्राज्यीय अवैध धान परिवहन, खरीदी के विरूद्ध सख्त वैधानिक कार्रवाई करने, सीमावर्ती प्रदेशों से लाए जा रहे शराब के विरूद्ध अभियान चलाकर कड़ी कार्रवाई करने एवं कोयले के अवैध उत्खनन तथा अवैध परिवहन पर पूर्णरूप से बंदिश लगाने के निर्देश दिए हैं. अवस्थी ने कहा कि वे इन सभी ज्वलंत विषयों पर पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई की समीक्षा प्रत्येक सप्ताह वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से करेंगे।

    डीजीपी ने आम जनता की शिकायतों एवं उनके आवेदनों पर शीघ्र कार्रवाई करने के निर्देश दिए. अवस्थी ने अपराधियों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करने एवं घोषित गुण्डों और बदमाशों के विरूद्ध प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने सभी पुलिस अधीक्षकों और रेंज पुलिस महानिरीक्षकों को अपने अधीनस्थ सभी थानों का आकस्मिक निरीक्षण करने को कहा है. साथ ही प्रदेश के सभी थानों में सुरक्षा की इंतजाम करने के निर्देश दिए है. अवस्थी ने यह भी कहा है कि यदि कोई पुलिस कर्मी किसी भी प्रकार की अवैध धंधों में लिप्त पाया जाता है तो उनके विरूद्ध भी कड़ी कार्रवाई की जाए।

  • 47 करोड़ की बिक्री छुपाने का हुआ खुलासा, छग GST टीम ने दो कार शोरूम में मारा छापा…

    47 करोड़ की बिक्री छुपाने का हुआ खुलासा, छग GST टीम ने दो कार शोरूम में मारा छापा…

    रायपुर। राज्य जीएसटी विभाग के 15 सदस्यीय तीन टीम ने शुक्रवार को 2 डीलर्स मेसर्स अमरनाथ व्हीकल प्राईवेट लिमिटेड और मेसर्स महादेव कार प्रा. लिमि के रायपुर-दुर्ग स्थित फर्मों पर छापेमार कार्रवाई करते हुए दस्तावेजों की जांच कर रही है। यह छापेमारी की कार्रवाई राज्य कर आयुक्त रीना बाबासाहेब कंगाले के निर्देश पर किया गया था. छापेमार कार्रवाई के दौरान दोनों फर्मो के द्वारा करीब 47 करोड़ के क्रय राशि को छुपाए जाने के आधार पर की गई थी. जांच के बाद एक डीलर के द्वारा रूपये 25 लाख का चेक दिया गया और दूसरे के पास से मिले दस्तावेजों की गहन छानबीन की जा रही है। मेसर्स अमरनाथ व्हीकल प्रा.लि. के द्वारा माह जनवरी 2018 से मार्च 2018 तक के मासिक विवरणी आज दिनांक तक जमा नहीं किया था और मिली शिकायत के आधार पर पंजीयन विलोपन के पश्चात भी इनवाईस जारी किया जा रहा था. दोनों फर्मों के द्वारा वर्ष 2013-14 से वर्ष 2017-18 के प्रथम तिमाही तक सी-फार्म के विरूद्ध मंगाये गए माल की तुलना में विवरणी में कम क्रय दर्शाया जा रहा था।
  • पाकिस्तान में दुल्हन सजी टमाटर के गहनों से,दहेज में मिले 3 पेटी टमाटर….

    पाकिस्तान में दुल्हन सजी टमाटर के गहनों से,दहेज में मिले 3 पेटी टमाटर….

    लाहौर। पाकिस्तान की हालत अब इतनी खराब हो गई है कि यहां कि लड़कियां अब शादी में सोने के गहनों के बजाए, टमाटर के गहने पहनने लगे है।

    पाकिस्तान में टमाटर के रेट इन दिनों 300 रुपए प्रति किलो हो गए हैं. हालात यह हैं कि लोग इनकी तुलना बेशकीमती चीजों से करने लगे हैं.

    लाहौर में एक लड़की ने अपनी शादी में टमाटरों की माला पहनी. इसके फोटो और वीडियो वायरल हो रहा है.इसमें एक दुल्हन टमाटरों के झुमके और कंगन और बेंदी के गहने पहने दिख रही है. इस पर यूजर्स पाकिस्तान की महंगाई और गिरती अर्थव्यवस्था को लेकर कमेंट कर रहे हैं. साथ ही इसका जिम्मेदार वहां के नेताओं को बता रहे हैं.

    https://youtu.be/bcoBlziWCfo?list=UUtTGbJC72sakYRXiLiV5rzQ

    दुल्हन का कहना है कि टमाटर की माला बताती है कि यह कितना महंगा है और हमारे लिए कितना बेशकीमती है. दुल्हन ने कहा, “देश में टमाटर सोने के दाम जैसा दिनों-दिन अधिक महंगा हो रहा है2 मिनट 20 सेकंड का वीडियो सोशल मीडिया पर मंगलवार को वायरल हुआ. इंटरव्यू को ट्वीटर पर 32 हजार बार देखा गया. फेसबुक पर 13 लाख बार देखा गया. हजारों लोगों ने दुल्हन के विरोध के तरीके की तारीफ की है.

  • प्रशासन की कार्रवाई के समर्थन में आये व्यापारी, दुकानों के बाहर लगाई धान खरीदी बंद की तख्तियां…

    प्रशासन की कार्रवाई के समर्थन में आये व्यापारी, दुकानों के बाहर लगाई धान खरीदी बंद की तख्तियां…

    गरियाबंद। ओड़िसा के धान पर प्रतिबंध के बाद देवभोग इलाके में मक्का के व्यापार में भी अड़चने आने लगी हैं. इसको लेकर अब लाइसेंसी गल्ला कारोबारियों ने दुकानों के आगे धान खरीदी बंद की तख्ती लगा दी है. धान की अवैध खरीदी पर प्रशासन की कार्रवाई को आसान बनाने कारोबारियों ने ये फैसला लिया है।

    धान के अवैध परिवहन को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है. आलम यह है कि गल्ला व्यवसाई 15 फरवरी तक धान खरीदी बंद रखने की तख्ती अपने दुकानों के आगे टांग दिए हैं।

    ओड़िसा सीमा से लगे झखरपारा के कारोबारी आरिफ मेमन ने बताया कि, 500 और 1000 रुपए की जरूरत के पड़ने पर किसान चिल्हर में धान लेकर आ रहे थे, लेकिन खरीदी के लिए आधार कार्ड अनिवार्य किया गया है. किसान धान बेच तो रहे थे, पर कार्ड नहीं दे रहे थे, सख्त कार्रवाई से अब धान की खरीदी पूरी तरह बंद है. इसलिए दुकान के आगे तख्ती टांगना पड़ा है।

    सिनापाली के पंकज अग्रवाल,उरमाल के गौरव ट्रेडर्स संचालक ओम जैन ने कहा कि धान के चक्कर मे मक्के का कारोबार प्रभावित हो रहा है, मक्के कि खरीददारी के बाद भी धर पकड़ का सामाना करना पड़ रहा था, हालांकि मक्का की पुष्टि के बाद कार्रवाई नही किया जा रहा था, पर धान होने की आशंका से प्रशासनिक कार्रवाई का सामना करना पड़ रहा था,इसलिय हमने तख्ती लगाकर यह क्लियर करने की कोशिश किया है कि हमारे संस्थान में धान की खरीदी बिक्री बिल्कुल भी नहीं किया जा रही है.इस तख्ती के बाद थोड़ा राहत महसूस कर रहे हैं।

    मंडी सचिव प्रदीप शुक्ला ने भी माना कि धान प्रतिबन्ध के चलते लाइसेंसी व्यवसाई को भी परेशानी का सामना करना पड़ा है. शुक्ला ने कहा कि व्यापारियों को मक्का भरे गाड़ियों को भीतर में धान भरे होने की शंका से कई कई घंटें रोका गया था. उच्चाधिकारियों के दखल के बाद मैदानी अमला पीछे हटे थे. उन्होंने यह भी क्लियर किया है कि, जब तक धान खरीदी के वैधानिक दस्तावेज व्यापारी पेश नहीं करेंगे तब तक उनके धान परिवहन का अनुज्ञा नही काटा जाएगा।

    व्यापारी बोले योजना के सफलता के लिए भी यह जरूरी था-

    व्यापारी संघ के अध्यक्ष मनोज मिश्रा, सचिव शिवकुमार बताया ने कहा कि एसडीएम ने बैठक कर धान खरीदी योजना को सफल बनाने सहयोग की अपील की थी.  ओड़िसा सीमा से लगे इस इलाके में व्यापारियों के बजाए बिचौलिए ओड़िसा के धान का जमकर गोरखधंधा कर रहे, व्यापारियों को यह क्लियर करना भी था कि वे पूरा सहयोग दे रहे हैं, इसलिए भी हमने तख्ती लगाकर कर योजना चलने तक धान नहीं खरीदने का प्रमाण दे दिए हैं. व्यापारियों के इस कदम के बाद बिचौलिए चिन्हाकित हो गए हैं. प्रशासन को कार्यवाही करने में आसानी भी हो रही है।

  • सीरियल किलर को होटल में पुलिस वाले खिला रहे थे ‘बिरयानी’ ऐसे खुल गई ‘कहानी’…

    सीरियल किलर को होटल में पुलिस वाले खिला रहे थे ‘बिरयानी’ ऐसे खुल गई ‘कहानी’…

    दिल्ली वैसे पुलिस खुद को आम आदमी की मित्र कहती है लेकिन देश का आम आदमी मित्र पुलिस की सच्चाई बखूबी जानता है. पुलिस अक्सर अपराधियों को इस तरह मदद करती है कि उसके कारनामे सुर्खियों में आ जाते हैं. ऐसा ही एक कारनामा लखनऊ में हुआ। दिल्ली पुलिस तिहाड़ जेल से पेशी के लिए लखनऊ सीरियल किलर सोहराब को लाई थी. इस दौरान अपराधी महोदय को बिरयानी खाने की तलब लगी तो मित्र पुलिस कैसे पीछे रहती. दिल्ली पुलिस के होनहार पुलिसवालों ने बकायदा अपराधी को होटल में ठहराकर बिरयानी खिलाई। दरअसल सीरियल किलर की लखनऊ में आवभगत की खबर एसएसपी लखनऊ कलानिधि नैथानी को हो गई थी. उन्होंने लखनऊ के पुलिस अधिकारियों को बकायदा इसकी जांच के लिए जब लगाया तो देखा कि सीरियल किलर ने बकायदा एक होटल में कई कमरे बुक कराये हैं. जिनमें एक में वह खुद रुका था जबकि बाकी में पुलिसवाले आराम फरमा रहे थे. जब पुलिस सीरियल किलर के कमरे में पहुंची तो वो मजे से बिरयानी खा रहा था. लखनऊ पुलिस की टीम ने दिल्ली पुलिस के सभी जवानों के खिलाफ नाका थाने में एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई के लिए अधिकारियों को रिपोर्ट भेजी है।